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दुबई में MP की बड़ी डील की तैयारी: सीएम ने निवेशकों से की मीटिंग, लॉजिस्टिक्स से एजुकेशन तक निवेश पर चर्चा
Tue, 08 Sep 2026 09:15 PM IST
Anand Pawar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: Anand Pawar
Updated Tue, 08 Sep 2026 09:15 PM IST
सार
एआईएम कांग्रेस-2026 में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई के बड़े उद्योग समूहों से मध्य प्रदेश में निवेश को लेकर चर्चा की। लॉजिस्टिक्स पार्क, ग्रीन एनर्जी, डेटा सेंटर, इंटरनेशनल स्कूल, रिटेल और हेल्थकेयर जैसे सेक्टर में निवेश की संभावनाएं तलाशी गईं।
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सीएम मोहन यादव ने रिजवान सूमर को जीआईएस में आने का निमंत्रण दिया
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मध्य प्रदेश को देश के साथ वैश्विक कारोबार का बड़ा केंद्र बनाने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई में निवेशकों और उद्योग समूहों के प्रतिनिधियों से वन-टू-वन मुलाकात की। एआईएम कांग्रेस-2026 के तीसरे दिन हुई इन बैठकों में लॉजिस्टिक्स, सप्लाई चेन, ऊर्जा, टेक्नोलॉजी, ग्रीन एनर्जी, डेटा सेंटर, ई-मोबिलिटी, शिक्षा, हेल्थकेयर और रिटेल जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने निवेशकों को मध्यप्रदेश की भौगोलिक स्थिति, सड़क-रेल और हवाई कनेक्टिविटी, औद्योगिक अधोसंरचना, ऊर्जा उपलब्धता और कुशल मानव संसाधन की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि देश के मध्य में होने के कारण मध्यप्रदेश से देश के किसी भी हिस्से तक उत्पादों को पहुंचाना आसान है। मुख्यमंत्री ने सभी उद्योग समूहों को वर्ष 2027 में होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के लिए भी आमंत्रित किया।
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पवारखेड़ा बनेगा बड़ा लॉजिस्टिक्स हब
डीपी वर्ल्ड के सीईओ रिजवान सूमार के साथ बैठक में लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन के विस्तार पर चर्चा हुई। कंपनी पहले से मध्यप्रदेश में काम कर रही है और अपनी गतिविधियां बढ़ाने में रुचि रखती है। मुख्यमंत्री ने नर्मदापुरम के पवारखेड़ा लॉजिस्टिक्स कंपोजिट हब को अंतरदेशीय लॉजिस्टिक्स के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने की संभावना बताई। यहां मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग और कोल्ड-चेन सुविधाएं विकसित होने से किसानों, एफपीओ, एमएसएमई और उद्योगों को फायदा मिलेगा। रेल आधारित माल ढुलाई से परिवहन लागत और समय घटाने के साथ प्रदेश के उत्पादों को निर्यात के जरिए वैश्विक बाजार तक पहुंचाने में मदद मिलेगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार भी बढ़ेंगे।
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एनर्जी और टेक्नोलॉजी में निवेश पर जोर
क्रेसेंट एंटरप्राइजेज के सीईओ बद्र जाफर से मुलाकात में वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक्स और प्रदेश के प्रमुख उत्पादन क्लस्टर्स पर चर्चा हुई। जाफर ने शहरी अधोसंरचना, सूचना प्रौद्योगिकी, संसाधनों के बेहतर उपयोग और तकनीक हस्तांतरण में दीर्घकालीन निवेश में रुचि दिखाई। एनर्जी और टेक्नोलॉजी में नए प्रयोगों पर भी चर्चा हुई। क्रेसेंट समूह ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स, इंफ्रास्ट्रक्चर और पेट्रोलियम क्षेत्र में काम करता है और इसका मुख्यालय शारजाह में है।
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डेटा सेंटर और ग्रीन एनर्जी में भी निवेश
राणा होल्डिंग्स के चेयरमैन-मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. दर्शन सिंह राणा के साथ स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग, डेटा सेंटर, ग्रीन एनर्जी, ग्रीन हाइड्रोजन, ई-मोबिलिटी और कृषि मशीनरी के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर बात हुई। ब्यूमर्क कॉर्पोरेशन के सीईओ सिद्धार्थ बालाचंद्रन ने भी मध्य प्रदेश में इंफ्रास्ट्रक्चर, हेल्थकेयर, टेक्नोलॉजी और ग्रीन एनर्जी में निवेश की इच्छा जताई।
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भोपाल-इंदौर में K-12 इंटरनेशनल स्कूल खुलेंगे
जेम्स एजुकेशन के चेयरमैन-फाउंडर सनी वर्की से मुलाकात में शिक्षा क्षेत्र में निवेश पर चर्चा हुई। कंपनी मध्यप्रदेश के प्रमुख और विकासशील शहरों में अंतरराष्ट्रीय स्तर के K-12 स्कूल कैंपस स्थापित करने में रुचि रखती है। इन स्कूलों में विद्यार्थियों के कौशल विकास के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा और स्थानीय जरूरतों के साथ भविष्य की शिक्षा को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पाठ्यक्रम लागू किए जाएंगे। जेम्स एजुकेशन की स्थापना वर्ष 2000 में हुई थी और यह मिडिल ईस्ट, एशिया, यूरोप और नॉर्थ अमेरिका में काम करती है।
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30-50 मिलियन डॉलर के निवेश का प्रस्ताव
शराफ ग्रुप के प्रेसिडेंट-सीईओ श्याम कपूर के साथ बैठक में शिपिंग, लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन पर चर्चा हुई। कंपनी इंदौर और पीथमपुर क्षेत्र में रेल-साइडिंग वाले लॉजिस्टिक्स पार्क की स्थापना में रुचि रखती है। इसके लिए करीब 30 से 50 मिलियन अमेरिकी डॉलर निवेश का प्रस्ताव है। इससे करीब 300 से 600 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। कंपनी मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क, आधुनिक वेयरहाउसिंग और रीजनल डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर विकसित करने पर भी विचार कर रही है।
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भोपाल-इंदौर में बढ़ेंगी वीजा सेवाएं
वीएफएस ग्लोबल के वैश्विक प्रमुख अमित साइचर से हुई बैठक में निवेश, रोजगार, पर्यटन, वीजा सेवाओं और युवाओं के कौशल विकास पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने भोपाल और इंदौर में वीजा आवेदन सेवाओं का विस्तार करने के लिए कंपनी को प्रोत्साहित किया। स्थानीय युवाओं के लिए पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी से जुड़े प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने पर भी विचार हुआ।
आधुनिक सुपरमार्केट और फूड प्रोसेसिंग पर फोकस
चोइथराम समूह के अध्यक्ष एलटी पगरानी के साथ बैठक में प्रदेश में आधुनिक रिटेल और खाद्य क्षेत्र में निवेश पर चर्चा हुई। समूह प्रमुख शहरों में सुपरमार्केट और आधुनिक किराना रिटेल केंद्र स्थापित करना चाहता है। इसके अलावा स्थानीय किसानों और उत्पादकों से सीधे कृषि व प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद खरीदने, स्थानीय कच्चे माल से फूड प्रोसेसिंग, पैकेजिंग और निजी लेबल निर्माण को बढ़ावा देने की योजना पर भी चर्चा हुई। चोइथराम समूह का मुख्यालय दुबई में है और यह रिटेल, खाद्य सेवाओं, लॉजिस्टिक्स और ब्रांड वितरण के क्षेत्र में काम करता है।
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शारजाह चैंबर के चेयरमैन से मिले यादव
एआईएम कांग्रेस-2026 के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शारजाह चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री एवं एक्सपो सेंटर के चेयरमैन अब्दल्ला सुल्तान अल ओवैस से मुलाकात की। बैठक में मध्य प्रदेश और शारजाह के बीच व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने और प्रदेश में निवेश बढ़ाने की संभावनाओं पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने ओवैस को वर्ष 2027 में मध्य प्रदेश में होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (जीआईएस-2027) में शामिल होने का न्योता भी दिया।
एमपी-शारजाह बिजनेस फोरम का प्रस्ताव
मुख्यमंत्री ने शारजाह चैंबर के साथ रणनीतिक आर्थिक साझेदारी विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने ओवैस से शारजाह के एक उच्चस्तरीय व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल को मध्यप्रदेश लाने का आग्रह किया। साथ ही दोनों क्षेत्रों के कारोबारियों के बीच सेक्टर आधारित बी-2-बी बैठकें कराने के लिए ‘मध्यप्रदेश-शारजाह बिजनेस फोरम’ बनाने का प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री ने एमएसएमई और निर्यातकों को खाड़ी देशों के खरीदारों और वितरकों से जोड़ने में शारजाह चैंबर से सहयोग मांगा। शारजाह की कंपनियों को प्रदेश के फूड पार्क, कोल्ड चेन, लॉजिस्टिक्स, टेक्सटाइल, फार्मा, रिन्यूएबल एनर्जी और पर्यटन परियोजनाओं में निवेश के लिए आमंत्रित किया गया।
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शारजाह की विकास यात्रा भी जानी
मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने शारजाह के विकास के बारे में भी जानकारी ली। अल ओवैस ने शारजाह चैंबर के प्रदर्शनी हॉल में लगी प्रदर्शनी के माध्यम से वर्ष 1974 से अब तक शारजाह की विकास यात्रा की जानकारी मुख्यमंत्री को दी। अल ओवैस मई 2014 से शारजाह चैंबर और एक्सपो सेंटर के चेयरमैन हैं तथा यूएई फेडरेशन ऑफ चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के वाइस चेयरमैन भी हैं।
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डीपी वर्ल्ड के सीईओ रिजवान सूमार के साथ बैठक में लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन के विस्तार पर चर्चा हुई। कंपनी पहले से मध्यप्रदेश में काम कर रही है और अपनी गतिविधियां बढ़ाने में रुचि रखती है। मुख्यमंत्री ने नर्मदापुरम के पवारखेड़ा लॉजिस्टिक्स कंपोजिट हब को अंतरदेशीय लॉजिस्टिक्स के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने की संभावना बताई। यहां मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग और कोल्ड-चेन सुविधाएं विकसित होने से किसानों, एफपीओ, एमएसएमई और उद्योगों को फायदा मिलेगा। रेल आधारित माल ढुलाई से परिवहन लागत और समय घटाने के साथ प्रदेश के उत्पादों को निर्यात के जरिए वैश्विक बाजार तक पहुंचाने में मदद मिलेगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार भी बढ़ेंगे।
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एनर्जी और टेक्नोलॉजी में निवेश पर जोर
क्रेसेंट एंटरप्राइजेज के सीईओ बद्र जाफर से मुलाकात में वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक्स और प्रदेश के प्रमुख उत्पादन क्लस्टर्स पर चर्चा हुई। जाफर ने शहरी अधोसंरचना, सूचना प्रौद्योगिकी, संसाधनों के बेहतर उपयोग और तकनीक हस्तांतरण में दीर्घकालीन निवेश में रुचि दिखाई। एनर्जी और टेक्नोलॉजी में नए प्रयोगों पर भी चर्चा हुई। क्रेसेंट समूह ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स, इंफ्रास्ट्रक्चर और पेट्रोलियम क्षेत्र में काम करता है और इसका मुख्यालय शारजाह में है।
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डेटा सेंटर और ग्रीन एनर्जी में भी निवेश
राणा होल्डिंग्स के चेयरमैन-मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. दर्शन सिंह राणा के साथ स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग, डेटा सेंटर, ग्रीन एनर्जी, ग्रीन हाइड्रोजन, ई-मोबिलिटी और कृषि मशीनरी के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर बात हुई। ब्यूमर्क कॉर्पोरेशन के सीईओ सिद्धार्थ बालाचंद्रन ने भी मध्य प्रदेश में इंफ्रास्ट्रक्चर, हेल्थकेयर, टेक्नोलॉजी और ग्रीन एनर्जी में निवेश की इच्छा जताई।
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भोपाल-इंदौर में K-12 इंटरनेशनल स्कूल खुलेंगे
जेम्स एजुकेशन के चेयरमैन-फाउंडर सनी वर्की से मुलाकात में शिक्षा क्षेत्र में निवेश पर चर्चा हुई। कंपनी मध्यप्रदेश के प्रमुख और विकासशील शहरों में अंतरराष्ट्रीय स्तर के K-12 स्कूल कैंपस स्थापित करने में रुचि रखती है। इन स्कूलों में विद्यार्थियों के कौशल विकास के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा और स्थानीय जरूरतों के साथ भविष्य की शिक्षा को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पाठ्यक्रम लागू किए जाएंगे। जेम्स एजुकेशन की स्थापना वर्ष 2000 में हुई थी और यह मिडिल ईस्ट, एशिया, यूरोप और नॉर्थ अमेरिका में काम करती है।
ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश: सिंघार के ‘हिंदू खतरे में’ बयान पर डिप्टी सीएम देवड़ा का पलटवार; बोले- लाशों पर राजनीति न करें
30-50 मिलियन डॉलर के निवेश का प्रस्ताव
शराफ ग्रुप के प्रेसिडेंट-सीईओ श्याम कपूर के साथ बैठक में शिपिंग, लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन पर चर्चा हुई। कंपनी इंदौर और पीथमपुर क्षेत्र में रेल-साइडिंग वाले लॉजिस्टिक्स पार्क की स्थापना में रुचि रखती है। इसके लिए करीब 30 से 50 मिलियन अमेरिकी डॉलर निवेश का प्रस्ताव है। इससे करीब 300 से 600 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। कंपनी मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क, आधुनिक वेयरहाउसिंग और रीजनल डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर विकसित करने पर भी विचार कर रही है।
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भोपाल-इंदौर में बढ़ेंगी वीजा सेवाएं
वीएफएस ग्लोबल के वैश्विक प्रमुख अमित साइचर से हुई बैठक में निवेश, रोजगार, पर्यटन, वीजा सेवाओं और युवाओं के कौशल विकास पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने भोपाल और इंदौर में वीजा आवेदन सेवाओं का विस्तार करने के लिए कंपनी को प्रोत्साहित किया। स्थानीय युवाओं के लिए पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी से जुड़े प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने पर भी विचार हुआ।
आधुनिक सुपरमार्केट और फूड प्रोसेसिंग पर फोकस
चोइथराम समूह के अध्यक्ष एलटी पगरानी के साथ बैठक में प्रदेश में आधुनिक रिटेल और खाद्य क्षेत्र में निवेश पर चर्चा हुई। समूह प्रमुख शहरों में सुपरमार्केट और आधुनिक किराना रिटेल केंद्र स्थापित करना चाहता है। इसके अलावा स्थानीय किसानों और उत्पादकों से सीधे कृषि व प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद खरीदने, स्थानीय कच्चे माल से फूड प्रोसेसिंग, पैकेजिंग और निजी लेबल निर्माण को बढ़ावा देने की योजना पर भी चर्चा हुई। चोइथराम समूह का मुख्यालय दुबई में है और यह रिटेल, खाद्य सेवाओं, लॉजिस्टिक्स और ब्रांड वितरण के क्षेत्र में काम करता है।
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शारजाह चैंबर के चेयरमैन से मिले यादव
एआईएम कांग्रेस-2026 के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शारजाह चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री एवं एक्सपो सेंटर के चेयरमैन अब्दल्ला सुल्तान अल ओवैस से मुलाकात की। बैठक में मध्य प्रदेश और शारजाह के बीच व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने और प्रदेश में निवेश बढ़ाने की संभावनाओं पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने ओवैस को वर्ष 2027 में मध्य प्रदेश में होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (जीआईएस-2027) में शामिल होने का न्योता भी दिया।
एमपी-शारजाह बिजनेस फोरम का प्रस्ताव
मुख्यमंत्री ने शारजाह चैंबर के साथ रणनीतिक आर्थिक साझेदारी विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने ओवैस से शारजाह के एक उच्चस्तरीय व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल को मध्यप्रदेश लाने का आग्रह किया। साथ ही दोनों क्षेत्रों के कारोबारियों के बीच सेक्टर आधारित बी-2-बी बैठकें कराने के लिए ‘मध्यप्रदेश-शारजाह बिजनेस फोरम’ बनाने का प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री ने एमएसएमई और निर्यातकों को खाड़ी देशों के खरीदारों और वितरकों से जोड़ने में शारजाह चैंबर से सहयोग मांगा। शारजाह की कंपनियों को प्रदेश के फूड पार्क, कोल्ड चेन, लॉजिस्टिक्स, टेक्सटाइल, फार्मा, रिन्यूएबल एनर्जी और पर्यटन परियोजनाओं में निवेश के लिए आमंत्रित किया गया।
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शारजाह की विकास यात्रा भी जानी
मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने शारजाह के विकास के बारे में भी जानकारी ली। अल ओवैस ने शारजाह चैंबर के प्रदर्शनी हॉल में लगी प्रदर्शनी के माध्यम से वर्ष 1974 से अब तक शारजाह की विकास यात्रा की जानकारी मुख्यमंत्री को दी। अल ओवैस मई 2014 से शारजाह चैंबर और एक्सपो सेंटर के चेयरमैन हैं तथा यूएई फेडरेशन ऑफ चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के वाइस चेयरमैन भी हैं।
