रतलाम जिले के पांच कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने अपनी मांग वरिष्ठ कांग्रेस नेता और सांसद राहुल गांधी तक पहुंचाने के लिए अनोखा तरीका अपनाया है। ये कार्यकर्ता जावरा से साइकिलों पर दिल्ली के लिए रवाना हुए हैं। करीब 650 किलोमीटर की यात्रा कर वे दिल्ली पहुंचेंगे और राहुल गांधी के सामने अपनी मांग रखेंगे। उनकी प्रमुख मांग है कि कांग्रेस संगठन में एक व्यक्ति-एक पद की व्यवस्था लागू की जाए और सक्रिय कार्यकर्ताओं को संगठन में जिम्मेदारी दी जाए। कार्यकर्ताओं का कहना है कि जब तक राहुल गांधी से मुलाकात नहीं होगी, वे उनके निवास के बाहर इंतजार करेंगे।
जानकारी के अनुसार, रतलाम जिले की ग्राम पंचायत लसुड़ियाखेड़ी के सरपंच प्रतिनिधि एवं आलोट विधानसभा युवा कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष विजय बना, ग्राम जामथून के जितेंद्र डिंडोर और मुकेश गरवार, ग्राम डेलनपुर के गौरव पोरवाल तथा सुमित अटोरिया शनिवार शाम जावरा बस स्टैंड परिसर स्थित पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की प्रतिमा स्थल पहुंचे। यहां उन्होंने प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद अन्य कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुष्पमालाओं से उनका स्वागत किया।
इसके बाद पांचों कार्यकर्ता अपनी-अपनी साइकिलों पर सवार होकर कांग्रेस पार्टी, राहुल गांधी, सोनिया गांधी, जय कांग्रेस, वंदे मातरम और एक व्यक्ति-एक पद के नारे लगाते हुए दिल्ली के लिए रवाना हुए। उनका लक्ष्य प्रतिदिन करीब 70 से 80 किलोमीटर की यात्रा करना है। वे रास्ते में विभिन्न स्थानों पर रुकते हुए करीब 10 दिन में दिल्ली पहुंचने की योजना बना रहे हैं।
एक व्यक्ति-एक पद लागू करने की मांग
सरपंच प्रतिनिधि विजय बना ने बताया कि वे राहुल गांधी से मिलने के लिए साइकिल से दिल्ली जा रहे हैं। उनका कहना है कि कांग्रेस संगठन में एक व्यक्ति को केवल एक ही पद दिया जाना चाहिए और किसी भी व्यक्ति को दो-दो पद नहीं मिलने चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि संगठन में कई लोगों को एक से अधिक जिम्मेदारियां दी गई हैं, जबकि सक्रिय कार्यकर्ताओं को नजरअंदाज किया गया है।
उन्होंने कहा कि जिला कार्यकारिणी के गठन के दौरान जमीनी स्तर पर काम करने वाले कई कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी नहीं मिली। सोशल मीडिया के दौर में यह आसानी से पता लगाया जा सकता है कि कौन कार्यकर्ता संगठन के लिए सक्रिय है और कौन नहीं। ऐसे में सोशल मीडिया और जमीनी स्तर पर सक्रिय रहने वाले कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
विजय बना ने यह भी कहा कि कुछ कार्यकर्ता सार्वजनिक रूप से सोशल मीडिया पर भाजपा नेताओं को जन्मदिन, विवाह वर्षगांठ और धार्मिक यात्राओं की बधाई देते हैं, जिससे कांग्रेस की छवि को नुकसान पहुंचता है। उनका कहना है कि व्यक्तिगत संबंध अलग बात हैं, लेकिन सार्वजनिक मंचों पर ऐसी गतिविधियों से बचना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि संगठन में कुछ ऐसे नेताओं को भी पद दिए गए हैं, जो केवल नगरीय निकाय और पंचायत चुनाव में टिकट की दावेदारी के लिए सक्रिय रहते हैं, जबकि विधानसभा और लोकसभा चुनाव के दौरान उनकी सक्रियता नजर नहीं आती। उन्होंने कहा कि उनकी साइकिल यात्रा का उद्देश्य कांग्रेस संगठन को मजबूत करना और आगामी विधानसभा व लोकसभा चुनावों में पार्टी की जीत सुनिश्चित करने के लिए सक्रिय कार्यकर्ताओं को उचित अवसर दिलाना है।
राहुल गांधी से मिले बिना वापस नहीं लौटेंगे
विजय बना ने बताया कि राहुल गांधी से उनकी अभी तक कोई चर्चा नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि वे विशेष रूप से राहुल गांधी से मिलने और अपनी बात रखने के लिए दिल्ली जा रहे हैं। यदि राहुल गांधी दिल्ली में मौजूद नहीं मिलते हैं, तब भी वे उनसे मुलाकात किए बिना वापस नहीं लौटेंगे। उनका कहना है कि जब तक राहुल गांधी से मुलाकात नहीं होगी, वे उनके निवास के बाहर इंतजार करेंगे।
वहीं, इस मामले में जिला ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष हर्षविजय गेहलोत ने कहा कि पार्टी सभी कार्यकर्ताओं को साथ लेकर चल रही है और सभी पदाधिकारी सक्रिय हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता के मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रही है। पार्टी हाईकमान की गाइडलाइन के अनुसार जिला कार्यकारिणी 50 सदस्यीय बनाई गई है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस में हजारों कार्यकर्ता हैं और सभी को कार्यकारिणी में शामिल करना संभव नहीं है। ग्रामीण जिले के चार विधानसभा क्षेत्रों को जिला कार्यकारिणी में प्रतिनिधित्व दिया गया है।