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कहीं पेड़ों पर क्यूआर कोड, तो पहियों पर साइंस लैब: 82 शिक्षकों को मिला पुरस्कार; राष्ट्रपति ने किया सम्मानित
Sun, 06 Sep 2026 06:03 AM IST
प्रशांत तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
Published by: प्रशांत तिवारी
Updated Sun, 06 Sep 2026 06:03 AM IST
सार
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शिक्षक दिवस पर 82 असाधारण शिक्षकों को राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया। सम्मानित शिक्षकों ने तकनीक, कम लागत वाले नवाचार, सामुदायिक भागीदारी और समान शिक्षा के अवसरों के जरिए बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को बेहतर बनाया।
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राष्ट्रपति से सम्मान प्राप्त करती शिक्षिका
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शिक्षक दिवस के मौके पर देश के 82 असाधारण शिक्षकों को राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया। दिल्ली के विज्ञान भवन में शनिवार को सम्मानित होने वाले शिक्षकों में नवाचार के जरिये बच्चों को शिक्षा देने वाले शिक्षकों की विलक्षण कहानियां शामिल हैं। इस मौके पर मुर्मू ने कहा कि स्कूली शिक्षा ही शिक्षा व्यवस्था की नींव होती है।
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'प्रण लें कि देश में एक भी छात्र शिक्षा से वंचित न रहे'
इस मौके पर मुर्मू ने कहा स्कूली शिक्षा ही शिक्षा व्यवस्था की नींव होती है, क्योंकि ज्ञान और कौशल तो कभी भी हासिल किए जा सकते हैं, लेकिन बचपन में अच्छे संस्कार सिखाना कहीं अधिक असरदार साबित होता है। राष्ट्रपति ने सम्मान पाने वाले स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग के 48 शिक्षक, उच्च शिक्षण संस्थानों और पॉलिटेक्निक के 21 शिक्षक या फैकल्टी सदस्य, और कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय के 13 स्किल ट्रेनर्स से कहा कि वह प्रण लें कि देश में एक भी छात्र शिक्षा से वंचित न रहे।
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क्यूआर कोड स्कैन करते ही मिलती है जानकारी
राजस्थान के झालावाड़ में महात्मा गांधी सरकारी स्कूल के शिक्षक डॉ दिव्येंदु सेन ने कम लागत में स्कूल परिसर में लगे लगभग 500 पेड़ों पर विशेष क्यूआर (क्यूआर कोड) कोड लगाए हैं। जब कोई छात्र अपने मोबाइल से इस क्यूआर कोड को स्कैन करता है, तो उसे उस पेड़ का वैज्ञानिक नाम, उसके औषधीय गुण और उपयोगिता की जानकारी हाड़ौती और मालवी जैसी स्थानीय भाषाओं में ऑडियो के तौर पर सुनाई देती है।
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कम लागत में मोबाइल साइंस लैब बना छात्रों को जोड़ा
चंडीगढ़ के राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय के रवि जायसवाल को कम लागत में सीवी रमन डोम थिएटर, गाड़ी पर बनी मोबाइल साइंस लैब और रीसाइकल की गई चीजों से बना इंटरैक्टिव आउटडोर साइंस और नॉलेज पार्क जैसे नए तरह के पढ़ाने के तरीकों के लिए यह सम्मान मिला है।
स्कूल को 100% बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान हासिल करवाया
छत्तीसगढ़ के खिचड़ी के सरकारी मिडिल स्कूल की सुनीता यादव को समग्र शैक्षिक विकास पहलों का नेतृत्व करके ग्रामीण समुदायों को सशक्त बनाने के लिए चुना गया। यादव की बेहतरीन सामुदायिक पहल न्योता भोजन और घर-घर पुस्तक वाचन अभियान ने उनके स्कूल को 100 फीसदी बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान हासिल करने में मदद की।
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हर छात्र को नए और समान सीखने के मौके मुहैया कराएं
महाराष्ट्र के नासिक की कुंडा जयवंत बच्छाव को हर छात्र को नए और समान सीखने के मौके मुहैया कराने पर सम्मानित किया गया। उन्होंने 150 से अधिक जरूरतमंद लड़कियों को कम उम्र की शादी से रोककर आर्थिक और शैक्षणिक मदद मुहैया करा उनके लिए उच्च शिक्षा के रास्ते खुले हैं।
QR codes on trees and science labs on wheels 82 teachers received awards honored by President of India