{"_id":"6ac172ce5cb9518cac0867cc","slug":"one-lakh-rupees-withdrawn-from-a-young-mans-credit-card-under-the-pretext-of-parcel-delivery-sonipat-news-c-197-1-snp1001-161691-2026-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonipat News: पार्सल डिलीवरी के नाम युवक के क्रेडिट कार्ड से निकाले एक लाख","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonipat News: पार्सल डिलीवरी के नाम युवक के क्रेडिट कार्ड से निकाले एक लाख
विज्ञापन
सोनीपत। साइबर ठगों ने पार्सल डिलीवरी के नाम पर देव नगर निवासी युवक से एपीके फाइल डाउनलोड कराकर उसके क्रेडिट कार्ड से एक लाख रुपये निकाल लिए। ठगों ने लोकेशन प्राप्त करने के बहाने मोबाइल पर फाइल का लिंक भेजा था। फाइल डाउनलोड करने के बाद क्रेडिट कार्ड के अंतिम चार अंक दर्ज कराए गए। इसके बाद 50-50 हजार रुपये की दो अनधिकृत निकासी हो गईं।
देव नगर निवासी सौरभ ने साइबर थाना में शिकायत देकर बताया कि उनके भाई अक्षय के साथ ठगी हुई है। शिकायत के अनुसार, 25 सितंबर को अक्षय के मोबाइल पर एक व्यक्ति ने फोन कर खुद को पार्सल डिलीवरी कर्मचारी बताया। उसने कहा कि घर नहीं मिल रहा है और लोकेशन प्राप्त करने के लिए एक मैसेज भेजा जा रहा है।
इसके बाद दूसरे मोबाइल नंबर से एपीके फाइल का लिंक भेजा गया। अक्षय ने फाइल डाउनलोड की तो क्रेडिट कार्ड के अंतिम चार अंक दर्ज करने को कहा गया। जानकारी भरने के बाद अनुरोध असफल दिखाया गया। अक्षय के अनुसार, उन्होंने किसी को ओटीपी नहीं बताया और न ही कोई संदेश साझा किया। कुछ देर बाद क्रेडिट कार्ड से 50-50 हजार रुपये की दो निकासी हुईं।
विज्ञापन
साइबर थाना प्रभारी पवन ने लोगों से अनजान लिंक या एपीके फाइल डाउनलोड नहीं करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पार्सल या बैंक से जुड़ी जानकारी फोन पर साझा न करें। ठगी होने पर तुरंत बैंक को सूचना देकर कार्ड बंद कराएं और 1930 पर शिकायत करें।
विज्ञापन
देव नगर निवासी सौरभ ने साइबर थाना में शिकायत देकर बताया कि उनके भाई अक्षय के साथ ठगी हुई है। शिकायत के अनुसार, 25 सितंबर को अक्षय के मोबाइल पर एक व्यक्ति ने फोन कर खुद को पार्सल डिलीवरी कर्मचारी बताया। उसने कहा कि घर नहीं मिल रहा है और लोकेशन प्राप्त करने के लिए एक मैसेज भेजा जा रहा है।
विज्ञापन
इसके बाद दूसरे मोबाइल नंबर से एपीके फाइल का लिंक भेजा गया। अक्षय ने फाइल डाउनलोड की तो क्रेडिट कार्ड के अंतिम चार अंक दर्ज करने को कहा गया। जानकारी भरने के बाद अनुरोध असफल दिखाया गया। अक्षय के अनुसार, उन्होंने किसी को ओटीपी नहीं बताया और न ही कोई संदेश साझा किया। कुछ देर बाद क्रेडिट कार्ड से 50-50 हजार रुपये की दो निकासी हुईं।
विज्ञापन
साइबर थाना प्रभारी पवन ने लोगों से अनजान लिंक या एपीके फाइल डाउनलोड नहीं करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पार्सल या बैंक से जुड़ी जानकारी फोन पर साझा न करें। ठगी होने पर तुरंत बैंक को सूचना देकर कार्ड बंद कराएं और 1930 पर शिकायत करें।