मानव उत्थान सेवा समिति के तत्वाधान में हंस जयंती के अवसर पर आयोजित सत्संग समारोह के हंस मंदिर आश्रम में सतपाल महाराज की शिष्या पदमा बाई, साध्वी रोहनी बाई, साध्वी आकृति बाई, अपने सत्संग विचार रखे। अंत में आश्रम प्रभारी साध्वी चंदन बाई ने कहा कि सत्संग वह मान सरोवर है। जहां पर ज्ञान रूपी मोती प्राप्त होता है। साधक को मुक्ति दिलाने का रास्ता बताता है। जिससे मानव अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ने लगता है। कार्यक्रम के अंत में भंडारे का आयोजन हुआ।