फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Will US strike Iran again Trump rejects Tehran proposal hints at renewed attacks after the November election.

ईरान पर फिर बरसेगा अमेरिकी कहर?: ट्रंप ने ठुकराया तेहरान का प्रस्ताव, नवंबर चुनाव के बाद दोबारा हमले के संकेत

Sat, 26 Sep 2026 08:20 AM IST
अस्मिता त्रिपाठी एएनआई, वाशिंगटन
एएनआई, वाशिंगटन Published by: अस्मिता त्रिपाठी Updated Sat, 26 Sep 2026 08:20 AM IST
सार

वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सात दिन के युद्धविराम प्रस्ताव को ठुकरा दिया है। रिपोर्ट में दावा है कि ट्रंप नवंबर के मध्यावधि चुनावों के बाद ईरान पर दोबारा हमले की उम्मीद कर रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर 
 

विज्ञापन
Will US strike Iran again Trump rejects Tehran proposal hints at renewed attacks after the November election.
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

एक ऐसी घटनाक्रम में जिससे दुनिया और पश्चिम एशिया में बेचैनी बढ़ सकती है। वॉल स्ट्रीट जर्नल ने खबर दी है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सात दिन के युद्धविराम के प्रस्ताव को ठुकरा दिया है।
विज्ञापन


रिपोर्ट में क्या दावा किया गया है? 
अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से आई इस रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने सहयोगियों से कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि नवंबर में होने वाले मध्यावधि चुनावों के बाद ईरान पर बमबारी फिर से शुरू की जाएगी। यह कदम इस हफ्ते की शुरुआत में यूएन जनरल असेंबली में दिए गए उनके भाषण के बाद उठाया गया है, जिसमें उन्होंने ईरान को पूरी तरह खत्म करने की खुली धमकी दी थी।
विज्ञापन


ट्रंप ने असेंबली में क्या कहा था?  
उन्होंने 22 सितंबर को असेंबली में कहा,  'मुझे एक बड़ा फैसला लेना है। क्या ईरान के साथ कोई ऐसा समझौता होगा जिससे वे फिर से अपना देश बना सकें और उसे पहले से कहीं ज्यादा बेहतर और मजबूत देश बना सकें? शायद पश्चिम एशिया या दुनिया के सबसे बेहतरीन देशों में से एक। या फिर मैं इस्लामिक रिपब्लिक को पूरी तरह खत्म कर दूं। वह भी जल्दी, ताकि उन्हें दोबारा लोगों और देशों को मारने और बर्बाद करने का मौका ही न मिले? लेकिन मुझे लगता है कि चुनाव के ठीक बाद हम समझौता कर लेंगे, क्योंकि उनके लिए समझौता न करने का कोई मतलब नहीं बनता। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ईरान के विदेश मंत्री अरागची ने क्या कहा?
वहीं, गुरुवार को ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अरागची ने कहा कि ईरान ने पश्चिम एशिया में संघर्ष खत्म करने के लिए सात दिन का प्लान पेश किया है। इस प्लान का मकसद होर्मुज जलडमरूमध्य  को फिर से खोलना और उसके बाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर व्यापक बातचीत शुरू करना भी है। अरागची ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में पत्रकारों से कहा कि यह प्रस्ताव उसी समझौता ज्ञापन जैसा है, जिस पर इस साल जून में अमेरिका और ईरान के बीच सहमति बनी थी।

वहीं, जर्मन विदेश मंत्री जोहान वाडेफुल के साथ अपनी बैठक में, अरागची ने जोर देकर कहा कि इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान ने कूटनीति को आगे बढ़ाने के लिए अपनी उचित शर्तें और जरूरतें अमेरिकी पक्ष को बता दी हैं। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि क्षेत्र में सुरक्षा बहाल करने के लिए ईरान के खिलाफ अमेरिका की दखलंदाजी और आक्रामक कार्रवाइयों को रोकना जरूरी है।


ईरान के विदेश मंत्री ने अपने शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम को लेकर कूटनीति अपनाने के ईरान के संकल्प पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बातचीत के दौरान ईरान की नेक नीयत को कोई भी पक्ष नजरअंदाज नहीं कर सकता। साथ ही, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि बातचीत के बीच ही अमेरिका और इस्राइल ने ईरान के खिलाफ सैन्य आक्रामकता दिखाई, जबकि वे होर्मुज जलडमरूमध्य में असुरक्षा के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराते रहे।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed