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Uttarkashi News: गंगोत्री-यमुनोत्री धाम की पहाड़ियों में बर्फबारी
Sun, 27 Sep 2026 05:40 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Sun, 27 Sep 2026 05:40 PM IST
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गोमुख ट्रैक, नेलांग-जादूंग घाटी में चार फीट तक जमी बर्फ
निचले इलाकों में ठंड बढ़ी, गंगोत्री-यमुनोत्री हाईवे बंद
संवाद न्यूज एजेंसी
उत्तरकाशी। जनपद में लगातार दो दिन से हो रही बारिश से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया है। गंगोत्री-यमुनोत्री धाम की पहाड़ियों सहित गोमुख ट्रैक व नेलांग-जादूंग घाटी में करीब एक से चार फीट तक बर्फ गिर चुकी है। दूसरी ओर बारिश के कारण गंगोत्री हाईवे पर धरासू और यमुनोत्री हाईवे चामी और बर्नीगाड में मलबा आने के कारण बंद हो गया है। साथ ही गंगोत्री और यमुनोत्री धाम की यात्रा पर दूसरे दिन भी अस्थायी रोक जारी रही।
गंगोत्री-यमुनोत्री धाम में भी लगातार बारिश जारी है। बारिश के कारण धरासू मेें मलबा आने के कारण गंगोत्री हाईवे का खुलने और बंद होने का सिलसिला जारी है। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने आपदा कंट्रोल रूम से जिले के विभिन्न क्षेत्रों संवेदनशील स्थानों की लगातार निगरानी कर रहे हैं। साथ ही आपदा प्रबंधन से जुड़ी सभी टीमों के साथ राजस्व विभाग, पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ को भी अलर्ट पर रखा गया है।
डीएम ने विभिन्न एजेंसियों के माध्यम से ट्रैकिंग पर गए और बेस कैंपों में रुके ट्रैकर्स की सुरक्षा को लेकर सभी आवश्यक इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही ट्रैकर्स को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए संबंधित टीमों को आपसी समन्वय से आवश्यकतानुसार रेस्क्यू अभियान चलाने को कहा। डीएम ने खतरे वाले और संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के साथ यात्रियों से भी सावधानी बरतने की अपील की है।
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उप जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को अपने-अपने क्षेत्रों में तैनात रहने व सड़क खोलने के लिए जेसीबी, खाद्य सामग्री, दवाइयां और वैकल्पिक संचार व्यवस्था तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं। चारधाम यात्रा श्रद्धालुओं और ट्रैकर्स व अन्य पर्यटकों की सुरक्षा को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को हर्षिल में दो एंबुलेंस और स्वास्थ्य टीम तैनात के लिए कहा।
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निचले इलाकों में ठंड बढ़ी, गंगोत्री-यमुनोत्री हाईवे बंद
संवाद न्यूज एजेंसी
उत्तरकाशी। जनपद में लगातार दो दिन से हो रही बारिश से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया है। गंगोत्री-यमुनोत्री धाम की पहाड़ियों सहित गोमुख ट्रैक व नेलांग-जादूंग घाटी में करीब एक से चार फीट तक बर्फ गिर चुकी है। दूसरी ओर बारिश के कारण गंगोत्री हाईवे पर धरासू और यमुनोत्री हाईवे चामी और बर्नीगाड में मलबा आने के कारण बंद हो गया है। साथ ही गंगोत्री और यमुनोत्री धाम की यात्रा पर दूसरे दिन भी अस्थायी रोक जारी रही।
गंगोत्री-यमुनोत्री धाम में भी लगातार बारिश जारी है। बारिश के कारण धरासू मेें मलबा आने के कारण गंगोत्री हाईवे का खुलने और बंद होने का सिलसिला जारी है। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने आपदा कंट्रोल रूम से जिले के विभिन्न क्षेत्रों संवेदनशील स्थानों की लगातार निगरानी कर रहे हैं। साथ ही आपदा प्रबंधन से जुड़ी सभी टीमों के साथ राजस्व विभाग, पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ को भी अलर्ट पर रखा गया है।
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डीएम ने विभिन्न एजेंसियों के माध्यम से ट्रैकिंग पर गए और बेस कैंपों में रुके ट्रैकर्स की सुरक्षा को लेकर सभी आवश्यक इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही ट्रैकर्स को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए संबंधित टीमों को आपसी समन्वय से आवश्यकतानुसार रेस्क्यू अभियान चलाने को कहा। डीएम ने खतरे वाले और संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के साथ यात्रियों से भी सावधानी बरतने की अपील की है।
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उप जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को अपने-अपने क्षेत्रों में तैनात रहने व सड़क खोलने के लिए जेसीबी, खाद्य सामग्री, दवाइयां और वैकल्पिक संचार व्यवस्था तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं। चारधाम यात्रा श्रद्धालुओं और ट्रैकर्स व अन्य पर्यटकों की सुरक्षा को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को हर्षिल में दो एंबुलेंस और स्वास्थ्य टीम तैनात के लिए कहा।