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Kotdwar News: पुलिंडा मार्ग पर बढ़ेगी हाथियों की निगरानी
Mon, 07 Sep 2026 07:01 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Mon, 07 Sep 2026 07:01 PM IST
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15 जगह लगेंगे चेतावनी बोर्ड और जीएसएम कैमरे
डीएफओ लैंसडौन ने किया हाथी प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण
कोटद्वार। लैंसडौन वन प्रभाग के हाथी प्रभावित पुलिंडा मार्ग पर वन विभाग ने निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने का निर्णय लिया है। सोमवार को डीएफओ गौरव वर्मा ने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ मार्ग का निरीक्षण किया। डीएफओ ने पुलिंडा मार्ग पर 15 संवेदनशील स्थान चिह्नित कर वहां चेतावनी साइन बोर्ड और जीएसएम कैमरे लगाने के निर्देश दिए। पुलिंडा मार्ग के गेट पर दो वनकर्मियों की नियमित तैनाती करने को भी कहा गया है।
निरीक्षण के दौरान वनकर्मियों ने बताया कि हाथियों के कारण अभी तक कोई जनहानि नहीं हुई है। हालांकि, कई बार हाथियों के सामने आने पर लोग वाहन छोड़कर सुरक्षित स्थान की ओर भागने को मजबूर हुए हैं। क्षेत्र में हाथियों के दो झुंड सक्रिय बताए गए हैं। इनमें एक झुंड पुलिंडा मार्ग और दूसरा ग्रास्टनगंज से सटे जंगल में घूम रहा है।
बताया कि पुलिंडा मार्ग पर भालू भी सक्रिय है। कई पेड़ों पर भालू के निशान व पदचिह्न मिले हैं। डीएफओ ने विभागीय एसओजी और वन कर्मियों को नियमित गश्त करने, आरक्षित वन क्षेत्र में अनावश्यक आवाजाही रोकने और कूड़ा फैलाने वालों के खिलाफ चालान की कार्रवाई करने के निर्देश दिए। हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए दिन में दो से तीन बार ड्रोन से निगरानी करने को भी कहा।
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हाथियों ने मोटरसाइकिल व इनफील्ड की क्षतिग्रस्त
पुलिंडा मार्ग पर हाथियों की चहलकदमी के बीच रविवार रात हाथियों के झुंड ने एक और मोटर साइकिल क्षतिग्रस्त कर दी। सोमवार सुबह करीब साढ़े दस बजे गश्त के दौरान वनकर्मियों को एक क्षतिग्रस्त इनफील्ड मोटरसाइकिल भी मिली। हाथियों को देखकर चालक वाहन छोड़कर मौके से भाग गया था। वनकर्मियों ने राहगीरों को सुरक्षित कोटद्वार पहुंचाया। वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि हाथी दिखाई देने पर सुरक्षित दूरी बनाए रखें। वाहन से बाहर न निकलें और फोटो-वीडियो बनाने के लिए वन्यजीवों के करीब न जाएं। उनका रास्ता रोकने, पीछा करने या उन्हें भगाने का प्रयास न करें। तेज गति और अनावश्यक हॉर्न से भी बचें।
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डीएफओ लैंसडौन ने किया हाथी प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण
कोटद्वार। लैंसडौन वन प्रभाग के हाथी प्रभावित पुलिंडा मार्ग पर वन विभाग ने निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने का निर्णय लिया है। सोमवार को डीएफओ गौरव वर्मा ने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ मार्ग का निरीक्षण किया। डीएफओ ने पुलिंडा मार्ग पर 15 संवेदनशील स्थान चिह्नित कर वहां चेतावनी साइन बोर्ड और जीएसएम कैमरे लगाने के निर्देश दिए। पुलिंडा मार्ग के गेट पर दो वनकर्मियों की नियमित तैनाती करने को भी कहा गया है।
निरीक्षण के दौरान वनकर्मियों ने बताया कि हाथियों के कारण अभी तक कोई जनहानि नहीं हुई है। हालांकि, कई बार हाथियों के सामने आने पर लोग वाहन छोड़कर सुरक्षित स्थान की ओर भागने को मजबूर हुए हैं। क्षेत्र में हाथियों के दो झुंड सक्रिय बताए गए हैं। इनमें एक झुंड पुलिंडा मार्ग और दूसरा ग्रास्टनगंज से सटे जंगल में घूम रहा है।
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बताया कि पुलिंडा मार्ग पर भालू भी सक्रिय है। कई पेड़ों पर भालू के निशान व पदचिह्न मिले हैं। डीएफओ ने विभागीय एसओजी और वन कर्मियों को नियमित गश्त करने, आरक्षित वन क्षेत्र में अनावश्यक आवाजाही रोकने और कूड़ा फैलाने वालों के खिलाफ चालान की कार्रवाई करने के निर्देश दिए। हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए दिन में दो से तीन बार ड्रोन से निगरानी करने को भी कहा।
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हाथियों ने मोटरसाइकिल व इनफील्ड की क्षतिग्रस्त
पुलिंडा मार्ग पर हाथियों की चहलकदमी के बीच रविवार रात हाथियों के झुंड ने एक और मोटर साइकिल क्षतिग्रस्त कर दी। सोमवार सुबह करीब साढ़े दस बजे गश्त के दौरान वनकर्मियों को एक क्षतिग्रस्त इनफील्ड मोटरसाइकिल भी मिली। हाथियों को देखकर चालक वाहन छोड़कर मौके से भाग गया था। वनकर्मियों ने राहगीरों को सुरक्षित कोटद्वार पहुंचाया। वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि हाथी दिखाई देने पर सुरक्षित दूरी बनाए रखें। वाहन से बाहर न निकलें और फोटो-वीडियो बनाने के लिए वन्यजीवों के करीब न जाएं। उनका रास्ता रोकने, पीछा करने या उन्हें भगाने का प्रयास न करें। तेज गति और अनावश्यक हॉर्न से भी बचें।