तहसील क्षेत्र में आवारा कुत्तों का आतंक बढ़ गया है। पिछले एक सप्ताह में करीब 20 लोगों को कुत्तों ने काटकर घायल कर दिया। लगातार हो रहे हमलों से बच्चों और राहगीरों की सुरक्षा को लेकर लोगों में डर है। अभिभावक बच्चों को अकेले खेलने और स्कूल भेजने से भी बच रहे हैं। ग्रामीणों के अनुसार, स्कूल जाने वाले बच्चों और सड़क से गुजरने वाले लोगों पर आवारा कुत्ते अचानक झपट्टा मार रहे हैं। पिछले सप्ताह कुत्ते के काटने से घायल अमदाहा निवासी आरती (15), जयमोहनी के हिमांशु (12), आंचल (30), प्रियांशु (23) और आर्यन (13), गोलाबाद की कमलावती (30), मझगांवा के मनोज (24), देउरा की प्रीति (35) व मीना (40), चकराघट्टा के सूर्यकांत (29) समेत अन्य लोग नौगढ़ सीएचसी पहुंचे। सभी को एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया गया।
सीएचसी के सुपरिटेंडेंट डॉ. अवधेश पटेल ने बताया कि कुत्ते के काटने के मामले में रोज मरीज पहुंच रहे हैं। सभी को आवश्यकतानुसार एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि कुत्ते के काटने के बाद घाव को तत्काल साबुन और साफ पानी से अच्छी तरह धोना चाहिए। इसके बाद बिना देर किए अस्पताल पहुंचकर एंटी रेबीज का टीका लगवाना जरूरी है। डॉक्टर की सलाह के अनुसार आगे के टीके भी समय पर लगवाने चाहिए।