फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Morari Bapu Bharat Swastik Yatra karnataka Sringeri Sharada Peetham Youth Inspiration from Hanuman sage traits

भारत स्वस्तिक यात्रा: 'हनुमान को आदर्श मानें युवा, साधु चिंता नहीं करते'; श्रृंगेरी शारदा पीठम से मोरारी बापू

Tue, 13 Oct 2026 08:01 AM IST
Amit Sharma Amit Sharma
Updated Tue, 13 Oct 2026 08:01 AM IST
सार

भारत स्वस्तिक यात्रा के तीसरे दिन कथावाचक मोरारी बापू ने कहा, चिंता साधु का लक्षण नहीं है। उन्होंने युवाओं को हनुमान को अपना आदर्श मानने का सुझाव दिया। कन्याकुमारी से शुरू हुई 15 दिवसीय यात्रा के दौरान कर्नाटक के चिकमगलूरू पहुंचे मोरारी बापू ने श्रृंगेरी शारदा पीठम के जगद्गुरु शंकराचार्य भारती तीर्थ महासन्निधानम् से मुलाकात की। 

विज्ञापन
Morari Bapu Bharat Swastik Yatra karnataka Sringeri Sharada Peetham Youth Inspiration from Hanuman sage traits
कर्नाटक के श्रृंगेरी शारदा पीठम में मोरारी बापू - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भगवान शंकराचार्य द्वारा स्थापित प्रथम शारदा पीठ पर संत मोरारी बापू ने  लोगों को साधु और असाधु के बीच का अंतर समझाया। उन्होंने कहा कि चिंता साधु का लक्षण नहीं है। जो सदैव चिंता करता है, वह असाधु है। उन्होंने कहा कि साधु अपने जीवन को ईश्वर को समर्पित कर स्वयं निश्चिंत हो जाता है, जबकि असाधु अपना जीवन पूर्ण रूप से ईश्वर को समर्पित नहीं कर पाता, और इसी कारण हमेशा चिंता में रहता है। 

विज्ञापन

आचार्यों की वाणी हमारा मार्गदर्शन करती है

उन्होंने कहा कि जीवन में चिंता करने वाली परिस्थितियां पैदा तो होंगी, लेकिन इसकी चिंता नहीं करनी चाहिए। ऐसी स्थितियों में आचार्यों की वाणी हमारा मार्गदर्शन करती है। उन्होंने कहा कि सत्य छूट भी जाए, लेकिन भगवान नाम का स्मरण नहीं छूटना चाहिए क्योंकि सुमिरन बने रहने से विषम परिस्थिति में भी सत्य का ज्ञान हो जाता है।

विज्ञापन

ज्ञान को समझकर ही स्वीकार करना चाहिए

उन्होंने कहा कि भगवान बुद्ध ने अपने शिष्यों से कहा था कि कोई बात इसलिए स्वीकार मत करना क्योंकि इसे मैं कह रहा हूं। उन्होंने अपने शिष्यों से कहा कि वे कोई बात तभी स्वीकार करें जब वे स्वयं उन्हें उचित समझें। बापू ने कहा कि ज्ञान को समझकर ही स्वीकार करना चाहिए। 

विज्ञापन
विज्ञापन

हनुमान को अपना आदर्श समझें युवा

वेदांत, संस्कृत शिक्षा, उपासना और गुरु-शिष्य परंपरा के केंद्र शारदा पीठ में मोरारी बापू ने कहा कि युवाओं को भगवान हनुमान को अपना आदर्श बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि हनुमान सर्वथा युवाओं के आदर्श होने के योग्य हैं, वे जितेंद्रिय हैं, परम बलशाली हैं, वे अति तीव्र वेगवान हैं और हर दृष्टि से मंगलकारी हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं का आदर्श ऐसा ही होना चाहिए जो अतुलनीय बलशाली होने के बाद भी कल्याणकारी हो।

स्वस्तिक कल्याण का प्रतीक

बापू ने कहा कि स्वस्तिक मंगल का प्रतीक है और इसका एक अर्थ हाथ जोड़ना भी है। ऐसे हाथ, जो सबको अपने आलिंगन में समेट लें और सभी को एक सूत्र में जोड़ दें। इसकी भावना एकता, मंगल और सर्वकल्याण में निहित है। इंद्र, सूर्य, गरुड़ और गुरु से जुड़े मंगल के चार स्वरूपों का प्रतिबिंब हनुमान  में दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि भारत स्वस्तिक यात्रा सभी को सद्भाव और सद्भावना के सूत्र में बांधने का माध्यम बने, यही कामना है।

जगद्गुरु शंकराचार्य भारती तीर्थ महासन्निधानम् से मुलाकात

भारत स्वस्तिक यात्रा के तीसरे दिन सोमवार को संत मोरारी बापू श्रृंगेरी के श्री शारदा पीठ पहुंचे। यहां  उन्होंने शारदा पीठम जाकर जगद्गुरु शंकराचार्य भारती तीर्थ महासन्निधानम् से मुलाकात की। आध्यात्मिक क्षेत्र की दोनों महान विभूतियों के बीच हुई इस मुलाकात में कई विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। 

 

श्रृंगेरी का महत्त्व 

आद्य शंकराचार्य से जुड़ी भारत की आध्यात्मिक परंपरा में श्रृंगेरी का विशिष्ट स्थान है। मान्यता है कि शंकराचार्य ने यहां पर्याप्त समय व्यतीत किया और शारदा पीठम की स्थापना की। उन्होंने अपने शिष्य सुरेश्वराचार्य को इस पीठ का दायित्व सौंपा था। कालांतर में यह पीठ अद्वैत वेदांत, वैदिक विद्वत्ता और आध्यात्मिक शिक्षा के एक प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित हुआ और पूरे विश्व में सनातन धर्म के बड़े केंद्र के रूप में प्रसिद्ध हुआ।

आज हंपी पहुंचेगी यात्रा

इस यात्रा की कथा का शुभारंभ श्रृंगेरी शारदा पीठम के प्रतिनिधियों द्वारा स्वस्ति वाचन के साथ हुआ था। भारत स्वस्तिक यात्रा में मोरारी बापू के साथ लगभग 900 श्रद्धालु 9,000 किलोमीटर की यात्रा पर निकले हैं। मंगलवार को यात्रा हंपी पहुंचेगी। इस यात्रा के लिए कैलाश भारत गौरव ट्रेन और चित्रकूट भारत गौरव ट्रेन की व्यवस्था की गई है। भारत स्वस्तिक यात्रा का आयोजन संतकृपा सनातन संस्थान द्वारा किया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed