फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   aaditya amit thackeray protest mumbai cjp detainees

ज्ञानेश कुमार के खिलाफ उतरे ठाकरे बंधु: हिरासत के विरोध में थाने के बाहर किया प्रदर्शन; क्या है पूरा मामला?

Sun, 11 Oct 2026 08:04 PM IST
राकेश कुमार एएनआई, मुंबई।
एएनआई, मुंबई। Published by: राकेश कुमार Updated Sun, 11 Oct 2026 08:04 PM IST
सार

मुंबई में सीजेपी कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिए जाने के विरोध में आदित्य ठाकरे और अमित ठाकरे शिवाजी पार्क पुलिस थाने पहुंचे। दोनों नेताओं ने हिरासत में लिए गए लोगों की रिहाई की मांग की। आदित्य ठाकरे ने प्रदर्शनकारियों को कानूनी मदद देने की बात कही, जबकि अमित ठाकरे ने भी पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रही है।
 

विज्ञापन
aaditya amit thackeray protest mumbai cjp detainees
ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन - फोटो : @अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

मुंबई में शिवसेना (यूबीटी) के विधायक आदित्य ठाकरे और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के नेता अमित ठाकरे ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने के विरोध में शिवाजी पार्क पुलिस थाने के बाहर प्रदर्शन किया। मुंबई पुलिस ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया था। दोनों नेताओं ने पुलिस से हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों को रिहा करने की मांग की।
विज्ञापन


पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को क्यों हिरासत में लिया?
मुंबई में सीजेपी के समर्थन में प्रदर्शन करने के लिए रविवार को लोग शिवाजी पार्क पहुंचे थे। पुलिस ने प्रदर्शन में शामिल होने आ रहे कई लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, बिना अनुमति प्रदर्शन के लिए जुटने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसी कार्रवाई के विरोध में आदित्य ठाकरे और अमित ठाकरे थाने पहुंचे। आदित्य ठाकरे ने हिरासत में लिए गए लोगों को कानूनी मदद देने की बात भी कही।
विज्ञापन


आदित्य ठाकरे ने पुलिस कार्रवाई पर क्या कहा?
आदित्य ठाकरे ने आरोप लगाया कि मुंबई में शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे लोगों को हिरासत में लिया जा रहा है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि हिरासत में लिए गए लोगों को बताया जाए कि उन्हें कहां ले जाया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि वह प्रदर्शनकारियों के साथ खड़े रहेंगे और उन्हें कानूनी मदद देंगे। वहीं, अमित ठाकरे ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने पर सवाल उठाया और कहा कि मनसे के कार्यकर्ता अगले दिन से प्रदर्शन में शामिल होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: 'दादी की मौत की खबर दी, लेकिन फोन नहीं दिया': दिपके ने दिल्ली पुलिस को बताया वर्दी में गुंडा; बवाल क्यों?

पुणे में सड़क पर उतरे सीजेपी कार्यकर्ता
दूसरी ओर, महाराष्ट्र के पुणे में रविवार को कॉकरोच जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने गुडलक चौक पर प्रदर्शन किया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। उनका आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण में गड़बड़ियां हुई हैं।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रदर्शनकारी नारेबाजी कर रहे थे। पुलिस ने उनसे सड़क खाली करने को कहा, लेकिन जब वे नहीं हटे तो उन्हें हिरासत में लेकर जगह खाली कराई गई। कई लोगों को पुलिस की गाड़ियों में ले जाया गया। हिरासत में लिए गए लोगों में महिलाओं की संख्या अधिक बताई गई है। हालांकि, कितने लोगों को हिरासत में लिया गया, इसकी सटीक संख्या तत्काल पता नहीं चल सकी।

प्रदर्शनकारी सरकार से क्या मांग कर रहे थे?
प्रदर्शनकारियों ने नरेंद्र मोदी सरकार पर लोकतांत्रिक सिद्धांतों के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने एसआईआर प्रक्रिया को रद्द करने की मांग की। प्रदर्शन में शामिल एक महिला ने कहा, 'हम लोकतांत्रिक तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन भाजपा सरकार लोकतंत्र के खिलाफ काम कर रही है। सरकार हमें कितनी भी बार जेल भेजे, हम वापस आएंगे और अपना आंदोलन जारी रखेंगे।'


क्या है ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन का मामला?
सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है। पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियां हुई हैं। इसी मुद्दे को लेकर पार्टी और उसके समर्थक अलग-अलग जगहों पर प्रदर्शन कर रहे हैं। इससे पहले दिल्ली के जंतर-मंतर पर भी प्रदर्शन का आह्वान किया गया था। सीजेपी के आंदोलन का मकसद मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को उठाना और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल करना है।

मुंबई में पहले भी हुई थी पुलिस कार्रवाई
इससे पहले शनिवार को मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान, हुतात्मा चौक और दूसरे स्थानों पर सीजेपी के समर्थन में प्रदर्शन हुए थे। पुलिस के मुताबिक, बिना अनुमति प्रदर्शन करने के कारण शहर के अलग-अलग इलाकों से करीब 600 लोगों को हिरासत में लिया गया था। अब शिवाजी पार्क पुलिस थाने के बाहर आदित्य ठाकरे और अमित ठाकरे के प्रदर्शन से यह मुद्दा फिर चर्चा में आ गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed