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रामायण पार्ट 2: राम-हनुमान की मुलाकात से रावण के अंत तक, इन प्रसंगों पर रहेंगी नजरें; 2028 तक करना होगा इंतजार
Fri, 06 Nov 2026 06:31 AM IST
राजश्री वर्मा
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: राजश्री वर्मा
Updated Fri, 06 Nov 2026 06:31 AM IST
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सार
- राम-हनुमान की मुलाकात, लंका दहन और रावण से युद्ध जैसे प्रसंग दूसरे भाग के आकर्षण होंगे।
- नमित ने VFX को लेकर कहा है कि DNEG इस फिल्म में ऐसा काम कर रही है, जैसा उसने पहले कभी नहीं किया।
- फिल्म का दूसरा पार्ट देखने के लिए लंबा इंतजार करना होगा।
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रामायण
- फोटो :
अमर उजाला
विस्तार
नितेश तिवारी की फिल्म ‘रामायण’ का पहला भाग सीता के हरण के साथ खत्म होता है। रावण उन्हें लंका ले जाता है और राम उनकी तलाश में निकल पड़ते हैं। पोस्ट-क्रेडिट सीन में हनुमान की मौजूदगी का संकेत मिलता है। उनकी आवाज सुनाई देती है, लेकिन चेहरा नहीं दिखाया जाता। पीछे हनुमान चालीसा सुनाई देती है।अब दूसरे भाग में कहानी किष्किंधा से लंका तक पहुंचेगी। रामायण के कई ऐसे प्रसंग हैं, जिन्हें बड़े पर्दे पर देखने का दर्शकों को इंतजार रहेगा। इनमें पांच खास पड़ाव हैं।
रामायण की शूटिंग
- फोटो :
यूट्यूब
राम और हनुमान की पहली मुलाकात (राम: रणबीर कपूर, हनुमान: सनी देओल)
सीता की तलाश में निकले राम और लक्ष्मण की मुलाकात हनुमान से होती है। हनुमान उन्हें सुग्रीव से मिलवाते हैं। इसके बाद राम और सुग्रीव की मित्रता होती है और सीता की खोज के लिए वानर सेना की मदद ली जाती है। यहीं से सीता को खोजने का अभियान आगे बढ़ता है। यह देखना खास होगा कि फिल्म में राम और हनुमान की पहली मुलाकात को किस तरह दिखाया जाता है।
अशोक वाटिका में हनुमान और सीता की मुलाकात (सीता: साई पल्लवी)
सीता की तलाश करते हुए हनुमान लंका पहुंचते हैं। अशोक वाटिका में उनकी मुलाकात सीता से होती है। वह उन्हें राम की अंगूठी देते हैं और भरोसा दिलाते हैं कि राम उन्हें लेने जरूर आएंगे। इस प्रसंग में सीता का इंतजार और हनुमान का उन्हें दिया भरोसा कहानी को भावुक मोड़ देता है। यह फिल्म के सबसे अहम सीन्स में से एक हो सकता है।
सीता की तलाश में निकले राम और लक्ष्मण की मुलाकात हनुमान से होती है। हनुमान उन्हें सुग्रीव से मिलवाते हैं। इसके बाद राम और सुग्रीव की मित्रता होती है और सीता की खोज के लिए वानर सेना की मदद ली जाती है। यहीं से सीता को खोजने का अभियान आगे बढ़ता है। यह देखना खास होगा कि फिल्म में राम और हनुमान की पहली मुलाकात को किस तरह दिखाया जाता है।
अशोक वाटिका में हनुमान और सीता की मुलाकात (सीता: साई पल्लवी)
सीता की तलाश करते हुए हनुमान लंका पहुंचते हैं। अशोक वाटिका में उनकी मुलाकात सीता से होती है। वह उन्हें राम की अंगूठी देते हैं और भरोसा दिलाते हैं कि राम उन्हें लेने जरूर आएंगे। इस प्रसंग में सीता का इंतजार और हनुमान का उन्हें दिया भरोसा कहानी को भावुक मोड़ देता है। यह फिल्म के सबसे अहम सीन्स में से एक हो सकता है।
'रामायण'
- फोटो :
अमर उजाला
लंका दहन का रोमांच (रावण: यश)
हनुमान के लंका पहुंचने के बाद रावण के साथ उनका टकराव होता है। रावण के आदेश पर हनुमान की पूंछ में आग लगा दी जाती है। लेकिन हनुमान इसी आग से पूरी लंका में हलचल मचा देते हैं। सोने की लंका में आग लगने का यह प्रसंग फिल्म के बड़े एक्शन सीन्स में शामिल हो सकता है। यहां VFX के जरिए लंका और आग के सीन्स को किस तरह दिखाया जाता है... इस पर भी नजर रहेगी।
समुद्र पर रामसेतु और वानर सेना का लंका पहुंचना (लक्ष्मण: रवि दुबे)
सीता को वापस लाने के लिए राम की सेना को समुद्र पार करना है। इसके लिए रामसेतु बनाया जाता है। वानर सेना के साथ राम का लंका की ओर बढ़ना कहानी का बड़ा पड़ाव है। समुद्र के बीच बनता सेतु...उसके निर्माण में जुटी वानर सेना और लंका की ओर बढ़ती विशाल सेना जैसे सीन फिल्म का पैमाना बढ़ाएंगे। इन्हें पर्दे पर दिखाना मेकर्स के लिए आसान नहीं होगा।
हनुमान के लंका पहुंचने के बाद रावण के साथ उनका टकराव होता है। रावण के आदेश पर हनुमान की पूंछ में आग लगा दी जाती है। लेकिन हनुमान इसी आग से पूरी लंका में हलचल मचा देते हैं। सोने की लंका में आग लगने का यह प्रसंग फिल्म के बड़े एक्शन सीन्स में शामिल हो सकता है। यहां VFX के जरिए लंका और आग के सीन्स को किस तरह दिखाया जाता है... इस पर भी नजर रहेगी।
समुद्र पर रामसेतु और वानर सेना का लंका पहुंचना (लक्ष्मण: रवि दुबे)
सीता को वापस लाने के लिए राम की सेना को समुद्र पार करना है। इसके लिए रामसेतु बनाया जाता है। वानर सेना के साथ राम का लंका की ओर बढ़ना कहानी का बड़ा पड़ाव है। समुद्र के बीच बनता सेतु...उसके निर्माण में जुटी वानर सेना और लंका की ओर बढ़ती विशाल सेना जैसे सीन फिल्म का पैमाना बढ़ाएंगे। इन्हें पर्दे पर दिखाना मेकर्स के लिए आसान नहीं होगा।
रामायण फिल्म
- फोटो :
इंस्टाग्राम
राम-रावण युद्ध में मेघनाद और कुंभकर्ण की चुनौती (मेघनाद: राघव जुयाल, कुंभकर्ण: फैसल मलिक)
लंका युद्ध दूसरे भाग का सबसे बड़ा आकर्षण हो सकता है। राम और रावण के बीच युद्ध से पहले मेघनाद और कुंभकर्ण जैसे योद्धाओं की भूमिका भी अहम होगी। लक्ष्मण और मेघनाद का मुकाबला.... कुंभकर्ण का युद्ध में उतरना और आखिर में राम-रावण की लड़ाई कहानी को उसके अंतिम पड़ाव तक ले जाएगी। इन युद्ध सीन्स में बड़े एक्शन के साथ किरदारों के बीच का टकराव भी देखने को मिलेगा।
VFX पर नमित मल्होत्रा का बड़ा दावा, बोले- DNEG ने पहले ऐसा काम नहीं किया
‘रामायण’ को बड़े पर्दे पर भव्य दिखाने के लिए VFX पर बड़े स्तर पर काम किया जा रहा है। फिल्म के निर्माता नमित मल्होत्रा की कंपनी DNEG इसके विजुअल इफेक्ट्स पर काम कर रही है। द डायरेक्ट को दिए इंटरव्यू में नमित ने बताया कि फिल्म में VFX का पैमाना...उसकी जटिलता और कई तरह के इफेक्ट्स को एक साथ दिखाना DNEG के लिए भी नया अनुभव है।
नमित के मुताबिक, ‘रामायण’ जिस तरह के काम की मांग कर रही है, वैसा काम DNEG ने आज तक नहीं किया। उन्होंने कहा कि यह कंपनी के लिए अपने काम का स्तर और ऊपर ले जाने का मौका है। इसके लिए टीम नई तकनीक और नए तरीके भी तैयार कर रही है। नमित का कहना है कि इन सबका असर ऑडियंस को फिल्म की स्क्रीन पर देखने को मिलेगा। लंका, किष्किंधा, विशाल सेनाएं और युद्ध के दृश्य इसी VFX का बड़ा हिस्सा होंगे।
लंका युद्ध दूसरे भाग का सबसे बड़ा आकर्षण हो सकता है। राम और रावण के बीच युद्ध से पहले मेघनाद और कुंभकर्ण जैसे योद्धाओं की भूमिका भी अहम होगी। लक्ष्मण और मेघनाद का मुकाबला.... कुंभकर्ण का युद्ध में उतरना और आखिर में राम-रावण की लड़ाई कहानी को उसके अंतिम पड़ाव तक ले जाएगी। इन युद्ध सीन्स में बड़े एक्शन के साथ किरदारों के बीच का टकराव भी देखने को मिलेगा।
VFX पर नमित मल्होत्रा का बड़ा दावा, बोले- DNEG ने पहले ऐसा काम नहीं किया
‘रामायण’ को बड़े पर्दे पर भव्य दिखाने के लिए VFX पर बड़े स्तर पर काम किया जा रहा है। फिल्म के निर्माता नमित मल्होत्रा की कंपनी DNEG इसके विजुअल इफेक्ट्स पर काम कर रही है। द डायरेक्ट को दिए इंटरव्यू में नमित ने बताया कि फिल्म में VFX का पैमाना...उसकी जटिलता और कई तरह के इफेक्ट्स को एक साथ दिखाना DNEG के लिए भी नया अनुभव है।
नमित के मुताबिक, ‘रामायण’ जिस तरह के काम की मांग कर रही है, वैसा काम DNEG ने आज तक नहीं किया। उन्होंने कहा कि यह कंपनी के लिए अपने काम का स्तर और ऊपर ले जाने का मौका है। इसके लिए टीम नई तकनीक और नए तरीके भी तैयार कर रही है। नमित का कहना है कि इन सबका असर ऑडियंस को फिल्म की स्क्रीन पर देखने को मिलेगा। लंका, किष्किंधा, विशाल सेनाएं और युद्ध के दृश्य इसी VFX का बड़ा हिस्सा होंगे।
फिल्म 'रामायण' के किरदार में रावण
- फोटो :
सोशल मीडिया
2028 की दिवाली पर आएगा दूसरा भाग, तीसरे भाग की भी गुंजाइश
‘रामायण’ का दूसरा भाग पहले 2027 में रिलीज होने वाला था, लेकिन अब इसकी रिलीज दिवाली 2028 तय की गई है। नमित मल्होत्रा ने एक इंटरव्यू में इसकी वजह बताई। उनके मुताबिक, फिल्म के अंतिम हिस्से को बड़े स्तर पर पेश करने के लिए टीम को एक साल का और समय समय चाहिए। वह जल्दबाजी में काम पूरा नहीं करना चाहते। उनके मुताबिक, फिल्म के बड़े पैमाने और इसके भव्य अंत को पर्दे पर सही तरीके से उतारने के लिए टीम को अतिरिक्त समय चाहिए।
दिलचस्प बात यह है कि शुरुआत में ‘रामायण’ को तीन भागों में बनाने की प्लानिंग थी। बाद में मेकर्स ने कहानी को दो पार्ट में पेश करने का फैसला किया। हालांकि, तीसरे भाग की संभावना अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है।
नमित के मुताबिक, पहले भाग को दुनिया भर के ऑडियंस से मिलने वाली प्रतिक्रिया के बाद टीम फिर बैठकर इस पर विचार कर सकती है। ऐसे में फिलहाल दो भागों की योजना है, लेकिन ऑडियंस की प्रतिक्रिया के आधार पर कहानी को आगे बढ़ाने का रास्ता भी खुला है।
‘रामायण’ का दूसरा भाग पहले 2027 में रिलीज होने वाला था, लेकिन अब इसकी रिलीज दिवाली 2028 तय की गई है। नमित मल्होत्रा ने एक इंटरव्यू में इसकी वजह बताई। उनके मुताबिक, फिल्म के अंतिम हिस्से को बड़े स्तर पर पेश करने के लिए टीम को एक साल का और समय समय चाहिए। वह जल्दबाजी में काम पूरा नहीं करना चाहते। उनके मुताबिक, फिल्म के बड़े पैमाने और इसके भव्य अंत को पर्दे पर सही तरीके से उतारने के लिए टीम को अतिरिक्त समय चाहिए।
दिलचस्प बात यह है कि शुरुआत में ‘रामायण’ को तीन भागों में बनाने की प्लानिंग थी। बाद में मेकर्स ने कहानी को दो पार्ट में पेश करने का फैसला किया। हालांकि, तीसरे भाग की संभावना अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है।
नमित के मुताबिक, पहले भाग को दुनिया भर के ऑडियंस से मिलने वाली प्रतिक्रिया के बाद टीम फिर बैठकर इस पर विचार कर सकती है। ऐसे में फिलहाल दो भागों की योजना है, लेकिन ऑडियंस की प्रतिक्रिया के आधार पर कहानी को आगे बढ़ाने का रास्ता भी खुला है।