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वीडियो: गेंदबाज का तौलिया गिरा, बल्लेबाज बोल्ड होने बावजूद बचा! अंपायर के फैसले पर छिड़ी बहस; क्या है मामला?
Tue, 20 Oct 2026 08:40 PM IST
मयंक त्रिपाठी
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: मयंक त्रिपाठी
Updated Tue, 20 Oct 2026 08:40 PM IST
सार
अफगानिस्तान और जिम्बाब्वे के बीच वनडे मुकाबले में गेंदबाज अजमतुल्लाह उमरजई का तौलिया गिरने के कारण ब्रायन बेनेट बोल्ड होने के बावजूद आउट होने से बच गए। अंपायर के इस फैसले पर बहस छिड़ गई है। आइये पूरा मामला जानते हैं...
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अफगानिस्तान बनाम जिम्बाब्वे
- फोटो : Twitter (Videograb)
विस्तार
क्रिकेट के मैदान पर कई बार ऐसे अजीबोगरीब वाकये देखने को मिलते हैं, जो हर किसी को हैरान कर देते हैं। अफगानिस्तान और जिम्बाब्वे के बीच खेले गए वनडे मुकाबले में भी कुछ ऐसा ही हुआ। अफगानिस्तान के तेज गेंदबाज अजमतुल्लाह उमरजई ने जिम्बाब्वे के बल्लेबाज ब्रायन बेनेट को क्लीन बोल्ड कर दिया, लेकिन इसके बावजूद उन्हें आउट नहीं दिया गया। इसकी वजह गेंदबाज का गिरा हुआ तौलिया था, जिसके कारण अंपायर ने गेंद को डेड बॉल करार दे दिया।
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क्या है मामला?
यह घटना जिम्बाब्वे की पारी के आठवें ओवर में हुई। उमरजई गेंदबाजी कर रहे थे और उन्होंने बेनेट को ऐसी गेंद डाली, जिस पर बल्लेबाज अपना शॉट खेलने के प्रयास में चूक गए और गेंद सीधे स्टंप्स पर जा लगी। हालांकि, बेनेट ने अंपायर का ध्यान इस ओर दिलाया कि गेंद डालने से ठीक पहले उमरजई का तौलिया गिर गया था। जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने भी इस मामले को उठाया। इसके बाद अंपायर अहसान रजा ने लेग अंपायर फारूक खान से विचार-विमर्श किया और गेंद को डेड बॉल घोषित कर दिया। इस फैसले से बेनेट को जीवनदान मिल गया और वह आउट होने से बच गए।
यह घटना जिम्बाब्वे की पारी के आठवें ओवर में हुई। उमरजई गेंदबाजी कर रहे थे और उन्होंने बेनेट को ऐसी गेंद डाली, जिस पर बल्लेबाज अपना शॉट खेलने के प्रयास में चूक गए और गेंद सीधे स्टंप्स पर जा लगी। हालांकि, बेनेट ने अंपायर का ध्यान इस ओर दिलाया कि गेंद डालने से ठीक पहले उमरजई का तौलिया गिर गया था। जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने भी इस मामले को उठाया। इसके बाद अंपायर अहसान रजा ने लेग अंपायर फारूक खान से विचार-विमर्श किया और गेंद को डेड बॉल घोषित कर दिया। इस फैसले से बेनेट को जीवनदान मिल गया और वह आउट होने से बच गए।
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🚨 ONE OF THE WILDEST CONTROVERSIES IN CRICKET! 🥶🏏 Azmatullah Omarzai clean-bowled Brian Bennett, but his towel fell just before the ball was delivered, and the umpire called it a dead ball! 😱 Was it the correct decision, or should the wicket have stood? 🤯🔥 #Cricket #Controversy https://t.co/YsIQjC5D9c
— Kashif (@KashifNdmCric) October 20, 2026
आईसीसी के नियम क्या कहते हैं?
- इस फैसले के पीछे आईसीसी के वनडे खेलने की शर्तों का क्लॉज 20.4.2.6 है।
- यह नियम अंपायरों को डेड बॉल घोषित करने का अधिकार देता है, जब बल्लेबाज गेंद का सामना करने की तैयारी कर रहा हो या गेंद खेल रहा हो और किसी आवाज, हरकत या अन्य कारण से उसका ध्यान भटक जाए।
- नियम के मुताबिक, अगर बल्लेबाज का ध्यान किसी ऐसी चीज से भटकता है, जो मैच के अंदर या बाहर मौजूद हो, तो अंपायर डेड बॉल घोषित कर सकता है।
- इस मामले में उमरजई के रन-अप के दौरान तौलिया गिरने को बल्लेबाज के लिए ध्यान भटकाने वाली घटना माना गया। इसी आधार पर अंपायर ने गेंद को डेड बॉल करार दिया और बेनेट को आउट होने से बचा लिया।
कमेंटेटर्स की राय बटी
अंपायर के फैसले को लेकर कमेंट्री कर रहे विशेषज्ञों की राय भी अलग-अलग रही। एक कमेंटेटर का मानना था कि बेनेट को शॉट खेलने से पहले हट जाना चाहिए था। उन्होंने सवाल उठाया कि बल्लेबाज ने पहले शॉट खेला, बोल्ड हुआ और उसके बाद तौलिया गिरने की बात उठाई। वहीं, दूसरे कमेंटेटर ने अंपायर के फैसले को उचित बताया। उनका कहना था कि गेंद डालने से ठीक पहले तौलिया गिरने से बल्लेबाज की नजर और एकाग्रता प्रभावित हो सकती थी। उन्होंने यह भी कहा कि यह सवाल जरूर उठता है कि क्या बेनेट गेंद खेलने से पहले हट सकते थे, लेकिन उन्होंने घटना की ओर अंपायर का ध्यान दिलाया और अंत में सही समझ के आधार पर फैसला लिया गया।
अंपायर के फैसले को लेकर कमेंट्री कर रहे विशेषज्ञों की राय भी अलग-अलग रही। एक कमेंटेटर का मानना था कि बेनेट को शॉट खेलने से पहले हट जाना चाहिए था। उन्होंने सवाल उठाया कि बल्लेबाज ने पहले शॉट खेला, बोल्ड हुआ और उसके बाद तौलिया गिरने की बात उठाई। वहीं, दूसरे कमेंटेटर ने अंपायर के फैसले को उचित बताया। उनका कहना था कि गेंद डालने से ठीक पहले तौलिया गिरने से बल्लेबाज की नजर और एकाग्रता प्रभावित हो सकती थी। उन्होंने यह भी कहा कि यह सवाल जरूर उठता है कि क्या बेनेट गेंद खेलने से पहले हट सकते थे, लेकिन उन्होंने घटना की ओर अंपायर का ध्यान दिलाया और अंत में सही समझ के आधार पर फैसला लिया गया।
जीवनदान मिलने के बाद भी बड़ी पारी नहीं खेल सके बेनेट
इस फैसले से अफगानिस्तान को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ। जीवनदान मिलने के बावजूद ब्रायन बेनेट बड़ी पारी नहीं खेल सके। वह 13वें ओवर में 40 गेंदों पर 31 रन बनाकर आउट हो गए। मुकाबले में जिम्बाब्वे को 295 रन का लक्ष्य मिला था, लेकिन पूरी टीम 136 रन पर सिमट गई। अफगानिस्तान ने यह मैच 158 रन से जीत लिया। इस हार के बाद जिम्बाब्वे वनडे ट्राई सीरीज की अंक तालिका में दूसरे स्थान पर खिसक गया।
इस फैसले से अफगानिस्तान को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ। जीवनदान मिलने के बावजूद ब्रायन बेनेट बड़ी पारी नहीं खेल सके। वह 13वें ओवर में 40 गेंदों पर 31 रन बनाकर आउट हो गए। मुकाबले में जिम्बाब्वे को 295 रन का लक्ष्य मिला था, लेकिन पूरी टीम 136 रन पर सिमट गई। अफगानिस्तान ने यह मैच 158 रन से जीत लिया। इस हार के बाद जिम्बाब्वे वनडे ट्राई सीरीज की अंक तालिका में दूसरे स्थान पर खिसक गया।