संवाद न्यूज एजेंसी टोहाना। पुरानी सब्जी मंडी एरिया को रेलवे रोड से जोड़ने वाली बक्शी गली में पाइप लीकेज से लोग परेशान हैं। यह गली वार्ड-6 की पार्षद स्वीटी भाटिया, वार्ड-7 के पार्षद प्रतिनिधि शंकर मित्तल और मनोनीत पार्षद ललित मोहन की सांझी गली है। नगर परिषद द्वारा गली निर्माण के लिए ठेकेदार ने इसे उखाड़ा था, लेकिन पाइप लीकेज के चलते कई मकानों में दरारें आ गई हैं। गली वासी विजय सिंगला ने बताया कि शिकायत के बाद पब्लिक हेल्थ विभाग ने दो मेन हॉल में से एक नया बनाया और दूसरे की मरम्मत की। इसके बावजूद लीकेज का पानी अब भी मकानों की नींव में जा रहा है। हालात ये हैं कि कई मकान गिरने की कगार पर पहुंच गए हैं। लोगों में विभाग के प्रति भारी रोष है। गली वासियों का आरोप है कि कार्यकारी अभियंता शशिकांत और एसडीओ दलविंदर ने नई लाइन डालने की मंजूरी दे दी है, लेकिन कनिष्ठ अभियंता दीपक इस ओर ध्यान नहीं दे रहे। पार्षद ललित, प्रतिनिधि शंकर मित्तल और अमित भाटिया ने कहा कि तीन पार्षदों की गली होने के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कोई हादसा हुआ तो जेई दीपक जिम्मेदार होंगे। वहीं एसडीओ दलविंदर का कहना है कि गली के दो सिवरेज ठीक कर दिए गए हैं। पीने के पानी और सिवरेज लाइन चेक हो चुकी है। अगर लोग दोबारा चेक कराना चाहते हैं तो जेई दीपक करवा देंगे। फिलहाल जेई की ड्यूटी एसआईआर में लगी है। गली वासी विजय का कहना है कि बड़े अधिकारी काम कराना चाहते हैं और नई लाइन के लिए फाइल भी भेज चुके हैं, लेकिन जेई का व्यवहार सहयोगात्मक नहीं है। लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे रोड जाम करने को मजबूर होंगे। फिलहाल बक्शी गली के लोग दहशत में जी रहे हैं। लीकेज से मकानों की नींव कमजोर हो रही है और बरसात में खतरा और बढ़ सकता है।