कांग्रेस नेतृत्व पर लगाए आरोप
क्षेत्रीय अध्यक्ष महिला मोर्चा सुनीता राजेश सिंह और महानगर अध्यक्ष पूजा दीक्षित ने कहा कि जेएनयू में 11 छात्राओं के उत्पीड़न के आरोपों के मामले में विश्वविद्यालय की आंतरिक समिति की जांच के बाद सांसद प्रो. अंगोमचा बिमोल अकोइजम के खिलाफ कार्रवाई हुई है। इसके बावजूद कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने उन्हें पार्टी से बाहर नहीं किया।
दोनों पदाधिकारियों ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी से इस मामले में अपना रुख स्पष्ट करने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि महिलाओं से जुड़े मामलों में कांग्रेस नेतृत्व का रवैया सवालों के घेरे में है। हालांकि, प्रदर्शन के दौरान लगाए गए आरोपों पर कांग्रेस की ओर से कोई पक्ष सामने नहीं आया।
महिला सम्मान पर कांग्रेस को घेरा
भाजपा महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि ने कहा कि कांग्रेस और उसके शीर्ष नेतृत्व का रवैया महिला विरोधी रहा है। उन्होंने दावा किया कि देश की महिलाएं अब महिला सम्मान से जुड़े मुद्दों पर चुप नहीं रहेंगी और राजनीतिक दलों से जवाब मांगेंगी।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मामलों में राजनीतिक दलों को स्पष्ट रुख अपनाना चाहिए। भाजपा महिला मोर्चा ने कांग्रेस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन और प्रतीकात्मक रूप से चूड़ियां रखकर अपना विरोध दर्ज कराया।
सियासी संदेश देने की कोशिश
प्रदर्शन के जरिए भाजपा महिला मोर्चा ने महिला सुरक्षा और सम्मान को राजनीतिक बहस के केंद्र में लाने की कोशिश की। कांग्रेस कार्यालय का घेराव और राहुल गांधी के लिए चूड़ियां रखना कांग्रेस नेतृत्व के खिलाफ प्रतीकात्मक विरोध के तौर पर पेश किया गया।
कार्यक्रम में नम्रता चौरसिया, साधना वेदांती, यशोधरा दीक्षित, नेहा कक्कड़, सपना सिंह, ममता सिंह और श्रद्धा तिवारी समेत भाजपा के क्षेत्रीय पदाधिकारी, महिला प्रतिनिधि और पार्षद मौजूद रहे।