जिले के बंडा क्षेत्र में हुए बहुचर्चित जहरीली शराब कांड के बाद इस गंभीर मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया ने एक बड़ा प्रशासनिक एक्शन लिया है। एसपी ने बंडा थाना और अधीनस्थ गूगरा चौकी में पदस्थ एसआई, मुंशी, प्रधान आरक्षक तथा आरक्षकों समेत करीब 40 पुलिसकर्मियों को एक साथ लाइन हाजिर कर दिया है।
प्रशासनिक लापरवाही और कानून व्यवस्था की समीक्षा के बाद यह सख्त कदम उठाया गया है। हटाए गए सभी पुलिसकर्मियों के स्थान पर पुलिस लाइन से नए बल और हाल ही में अपना बुनियादी प्रशिक्षण पूरा कर लौटे नए स्टाफ को बंडा थाना और गूगरा चौकी की कमान सौंपी गई है, ताकि क्षेत्र में कानून व्यवस्था और प्रशासनिक पकड़ मजबूत बनी रहे।
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पहले भी हुई थी कार्रवाई
उल्लेखनीय है कि जहरीली शराब कांड के सामने आने के बाद से ही पुलिस विभाग में लगातार उच्च स्तर पर कार्रवाई जारी है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्कालीन बंडा थाना प्रभारी राजेंद्र कुशवाहा और एसडीओपी प्रदीप वाल्मीकि को पहले ही उनके पदों से हटा दिया गया था। इसके बाद बंडा थाना प्रभारी का अतिरिक्त प्रभार सिविल लाइन टीआई आनंद सिंह को सौंपा गया था। अब इसी कड़ी में थाने और चौकी के निचले अमले पर भी व्यापक स्तर पर गाज गिरी है। इस बड़ी प्रशासनिक सर्जरी से पूरे पुलिस महकमे में कड़ा संदेश गया है कि गंभीर अपराधों और जनसुरक्षा के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।