महाराष्ट्र: पालघर में घर में घुसकर महिला की हत्या और लूट, आरोपी यूपी से गिरफ्तार; मुंबई लोकल में पावर बैंक फटा
ट्रेन के महिला डिब्बे में पावर बैंक फटने से आग लगी
मुंबई की लोकल ट्रेन के महिला डिब्बे में यात्री के बैग के अंदर रखे पावर बैंक में विस्फोट हो गया, जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। दादर से बदलापुर जाने वाली लोकल ट्रेन में शुक्रवार दोपहर करीब 12ः30 बजे हादसा हुआ। मध्य रेलवे (सीआर) के एक प्रवक्ता ने बताया कि ट्रेन के घाटकोपर स्टेशन पहुँचने से ठीक पहले एक संदिग्ध पावर बैंक में विस्फोट के बाद एक महिला का बैग में आग पकड़ ली। डिब्बे में घना धुआँ भर गया, जिससे यात्रियों को आपातकालीन जंजीर (अलार्म चेन) खींचनी पड़ी। सतर्क यात्रियों ने जलते हुए बैग को बाहर निकाला और पानी से आग बुझाई। अधिकारी ने बताया कि भले ही कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन महिला यात्री का सारा सामान नष्ट हो गया।
महायुति में फूट और 500 करोड़ रुपए के कथित लेन-देन वाले वायरल ऑडियो क्लिप को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने कहा कि महाराष्ट्र सूखाड़, बेरोजगारी और महंगाई से जूझ रहा है, लेकिन सरकार सत्ता बचाने में व्यस्त है। उन्होंने मनोज जरांगे पाटील के जरिए सामने आए ऑडियो मामले में ईडी और एसीबी से स्वत: संज्ञान लेकर जांच की मांग की, साथ ही एमपीएससी की घटती विश्वसनीयता, पेपर लीक और छात्रों के आंदोलन पर भी सरकार को घेरा। कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने कहा, 'जिस तरह से एक-दूसरे के ऊपर लगातार इल्जाम पर इल्जाम लगाए जा रहे हैं, महायुति के दोनों घटकों द्वारा, और जिस तरह से हम देख रहे हैं कि सत्ता के लिए ये लोग साथ हैं, जबकि आज महाराष्ट्र की जनता के सामने सबसे बड़ी समस्या सूखाड़ की है, जिसके कारण किसान सबसे ज्यादा परेशान हैं। युवा बेरोजगारी और महंगाई से परेशान हैं, महिलाएं परेशान हैं। ऐसे समय में 500 करोड़ के लेन-देन की बात मनोज जरांगे पाटिल के माध्यम से आई। जो कथित ऑडियो क्लिप सामने आई, उसके बाद जो बयानबाजी चल रही है, उससे सबको पता चल रहा है कि दोनों में से किसी ने कुछ नहीं किया है। दोनों एक-दूसरे पर इल्जाम लगा रहे हैं, लेकिन दोनों सत्ता छोड़ने के लिए तैयार नहीं हैं।' उन्होंने कहा कि हमारा कहना यह है कि आप सत्ता में साथ रहते हो और जिस तरह से इन लेन-देन की बात हुई है, तो इसकी जांच कहां है? ईडी को इसमें स्वयं पहल करके जांच करनी चाहिए। मुख्यमंत्री के पास जो गृह विभाग है, एसीबी (एंटी करप्शन ब्यूरो) है, उसे भी इसकी जांच करनी चाहिए। जिनके ऊपर आरोप हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। जब 500 करोड़ के लेन-देन और किसी आंदोलन को बनाने-बिगाड़ने की बात हो रही है, तो उसकी पूरी जांच होनी चाहिए।
नांदेड़: कर्जदार किसान की मौत, फाइनेंस कंपनी मालिक पर हत्या का मामला
महाराष्ट्र के नांदेड़ में पुलिस ने एक निजी फाइनेंस कंपनी के मालिक और दो अन्य पर हत्या तथा अपहरण का मामला दर्ज किया है। 10,000 रुपये का कर्ज लेने वाले किसान चंद्रकांत शिंदे (40) का शव शनिवार को कंपनी के कार्यालय में फांसी पर लटका मिला। शिंदे ने खालसा फाइनेंस से कर्ज लिया। परिवार के अनुसार, कंपनी के प्रतिनिधि उन्हें कर्ज वसूली के लिए कार्यालय ले गए। परिवार ने आरोप लगाया कि कर्मचारियों ने शिंदे को पीटा और आत्महत्या दिखाने के लिए फांसी पर लटका दिया। कंपनी ने 10,000 रुपये के बदले 70,000 रुपये की मांग की। पुलिस अधीक्षक नीलाभ रोहन ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज हुआ है। एक संदिग्ध हिरासत में है, अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस अधीक्षक ने किसानों से उत्पीड़न होने पर पुलिस से संपर्क करने की अपील की।