सेहत को ठीक रखने के लिए हम सभी रोजाना तरह-तरह के उपाय करते रहते हैं। दूसरों को देखकर आहार में कुछ चीजों को शामिल करना हो या फिर वेट लॉस के लिए प्रयास करना, शुगर-फ्री चीजों को चुनना या फिर सोशल मीडिया पर वायरल किसी डाइट रूल को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बना लेना।
सावधान: डाइट और फिटनेस को लेकर ये गलतियां आपको डाल सकती हैं मुश्किल में, सेहत पर उल्टा पड़ सकता है असर
हर हेल्दी दिखने वाली आदत हर व्यक्ति के लिए सही नहीं होती। जरूरत से ज्यादा एक्सरसाइज, बहुत कम खाना, सप्लीमेंट का अनावश्यक इस्तेमाल, कार्बोहाइड्रेट पूरी तरह छोड़ना और वायरल हेल्थ हैक्स अपनाना नुकसानदायक हो सकता है।
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रोज एक ही एक्सरसाइज करना
व्यायाम स्वास्थ्य के लिए जरूरी है, लेकिन हर दिन एक ही एक्सरसाइज करना हर व्यक्ति के लिए ठीक नहीं माना जा सकता। शरीर को अलग-अलग तरह की गतिविधियों की जरूरत होती है। व्यायाम का स्तर भी व्यक्ति की फिटनेस और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार होना चाहिए।
- रोजाना बहुत ज्यादा या बिना शरीर की रिकवरी का समय दिए व्यायाम करने से शरीर पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है।
- इसलिए ज्यादा एक्सरसाइज भी सेहत के लिए सही नहीं है।
- स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सबसे बेहतर तरीका है कि शारीरिक गतिविधि को नियमित रखें और व्यायाम हमेशा अपनी क्षमता के अनुसार ही करें।
खाना बहुत कम कर देना
वजन कम करने के लिए क्या आपने भी दूसरों को देखकर खाना खाना कम कर दिया है? ये आदत फायदे की जगह कई बार नुकसान पहुंचा सकती है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, शरीर को काम करते रहने के लिए ऊर्जा के साथ प्रोटीन, फैट, विटामिन, मिनरल और अन्य पोषक तत्वों की जरूरत होती है। हमारी डाइट ऐसी होनी चाहिए जो शरीर की पोषण जरूरत पूरी करे और ऊर्जा का संतुलन बनाए रखे।
अगर आप बिना सोचे समझे खाना बंद कर देते हैं या डाइटिंग करने लगते हैं तो कई बार इससे शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की कमी हो सकती है, जो आपको बीमार कर सकती है।
हर चीज का शुगर-फ्री विकल्प चुनना
शुगर-फ्री लिखा देखकर किसी चीज को अपने आप हेल्दी मान लेना सही नहीं है। पैकेज्ड चीजों को केवल एक पोषक तत्व देखकर सही नहीं माना जा सकता।
- विश्व स्वास्थ्य संगठन भी न्यूट्रिशन लेबल और हेल्थ क्लेम से उपभोक्ताओं में भ्रम पैदा होने की संभावना बताता है। इसलिए सामान खरीदते समय लेबल पर कुल कैलोरी, कार्बोहाइड्रेट, फैट, सोडियम और दूसरे इंग्रीडिएंट्स को भी देखना चाहिए। शुगर-फ्री का मतलब यह नहीं कि को भी उत्पाद अपने आप हेल्दी है।
इन गलतियों से भी बचें
- विटामिन और मिनरल शरीर के लिए जरूरी हैं, लेकिन हर व्यक्ति को इनके सप्लीमेंट की जरूरत नहीं होती। बिना शरीर की जांच या डॉक्टरी सलाह के कई सप्लीमेंट लेना कई बार फायदे की जगह नुकसानदायक हो सकता है।
- सुबह खाली पेट नींबू पानी, जीरा पानी या डिटॉक्स ड्रिंक सेहत सुधारने की गारंटी नहीं देते। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए हमें दिनभर को खानपान और लाइफस्टाइल में सुधार की जरूरत होती है।
- कई लोग शरीर को फिट रखने के लिए कार्बोहाइड्रेट वाली चीजें पूरी तरह खाना छोड़ देते हैं। जबकि कार्बोहाइड्रेट शरीर का प्रमुख ऊर्जा स्रोत हैं। इसकी कमी से आपको थकान-कमजोरी हो सकती है।
- नट्स और सीड्स पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थ होते हैं, लेकिन इनकी मात्रा का भी ध्यान रखना चाहिए। बहुत ज्यादा मात्रा में खाते रहने से पाचन की समस्याएं हो सकती हैं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।