{"_id":"6ae9dc4f9e70c8d9710f3dbc","slug":"kc-venugopal-raises-concern-over-six-chief-secretaries-absence-in-pac-meeting-2026-11-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोक लेखा समिति बैठक: मुख्य सचिवों की गैरमौजूदगी पर केसी वेणुगोपाल ने जताई चिंता, बोले- समिति को गंभीरता से लें","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
लोक लेखा समिति बैठक: मुख्य सचिवों की गैरमौजूदगी पर केसी वेणुगोपाल ने जताई चिंता, बोले- समिति को गंभीरता से लें
Tue, 03 Nov 2026 06:53 PM IST
अमन मौर्या
पीटीआई, तिरुवनंतपुरम, केरलम
पीटीआई, तिरुवनंतपुरम, केरलम
Published by: अमन मौर्या
Updated Tue, 03 Nov 2026 06:53 PM IST
सार
पीएसी अध्यक्ष के.सी. वेणुगोपाल ने समिति की बैठक में छह राज्यों के मुख्य सचिवों के शामिल न होने पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से ऐसे मामलों में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया, ताकि समिति के अधिकार और उसके माध्यम से संसद के अधिकार का उचित सम्मान सुनिश्चित किया जा सके।
विज्ञापन
के.सी. वेणुगोपाल, अध्यक्ष, लोक लेखा समिति
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विस्तार
संसद की लोक लेखा समिति (पीएसी) के अध्यक्ष के.सी. वेणुगोपाल ने मंगलवार को समिति की हालिया बैठक में छह राज्यों के मुख्य सचिवों की अनुपस्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने नागरिकों के कल्याण से जुड़ी नीतियों और योजनाओं पर विधायी निगरानी (लेजिस्लेटिव ओवरसाइट) बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने यह भी कहा कि भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) को ऑडिट की संख्या बढ़ाने और सरकार की प्रमुख योजनाओं के क्रियान्वयन पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है। इनमें समग्र शिक्षा अभियान, स्वच्छ भारत मिशन और प्रधानमंत्री जन धन योजना जैसी योजनाएं शामिल हैं।
उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से ऐसे मामलों में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया, ताकि समिति के अधिकार और उसके माध्यम से संसद के अधिकार का उचित सम्मान सुनिश्चित किया जा सके।
पीएसी अध्यक्ष ने क्या कहा?
संसद और राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं की लोक लेखा समितियों के अध्यक्षों के सम्मेलन को संबोधित करते हुए वेणुगोपाल ने कहा कि पीएसी की बैठकों को पूरी गंभीरता से लिया जाना चाहिए। इन बैठकों का उद्देश्य कमियां निकालना नहीं, बल्कि नीतियों में सुधार करना है। उन्होंने कहा, 'जब समिति सबूत मांगती है, तो उसका उद्देश्य केवल कमियां निकालना नहीं होता। इसका मकसद योजनाओं और नीतियों में सुधार करना है, जिसका अंतिम लाभ नागरिकों के कल्याण के रूप में मिलता है।' उन्होंने कहा, 'उदाहरण के लिए, संसद में समिति की पिछली बैठक में छह राज्यों के किसी भी मुख्य सचिव ने हिस्सा नहीं लिया।'
विज्ञापन
क्यों बुलाए गए थे अधिकारी?
पीएसी अध्यक्ष ने बताया कि छह राज्यों के शीर्ष अधिकारियों को अनुसूचित जाति (एससी) के छात्रों के लिए प्री-मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति के संबंध में मौखिक साक्ष्य देने के लिए बुलाया गया था। उन्होंने कहा कि ये छात्रवृत्तियां समाज के सबसे वंचित वर्गों के छात्रों को सहायता प्रदान करती हैं। वेणुगोपाल ने कहा, 'मुख्य सचिवों की गैरमौजूदगी के कारण समिति को कमियों की जांच करने और उनमें सुधार के लिए जरूरी कदम सुनिश्चित करने का अवसर नहीं मिल पाया।' दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन सत्र केरलम विधानसभा में आयोजित किया गया था। इसमें मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन सहित अन्य लोग भी शामिल हुए।
विज्ञापन
उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से ऐसे मामलों में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया, ताकि समिति के अधिकार और उसके माध्यम से संसद के अधिकार का उचित सम्मान सुनिश्चित किया जा सके।
विज्ञापन
पीएसी अध्यक्ष ने क्या कहा?
संसद और राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं की लोक लेखा समितियों के अध्यक्षों के सम्मेलन को संबोधित करते हुए वेणुगोपाल ने कहा कि पीएसी की बैठकों को पूरी गंभीरता से लिया जाना चाहिए। इन बैठकों का उद्देश्य कमियां निकालना नहीं, बल्कि नीतियों में सुधार करना है। उन्होंने कहा, 'जब समिति सबूत मांगती है, तो उसका उद्देश्य केवल कमियां निकालना नहीं होता। इसका मकसद योजनाओं और नीतियों में सुधार करना है, जिसका अंतिम लाभ नागरिकों के कल्याण के रूप में मिलता है।' उन्होंने कहा, 'उदाहरण के लिए, संसद में समिति की पिछली बैठक में छह राज्यों के किसी भी मुख्य सचिव ने हिस्सा नहीं लिया।'
विज्ञापन
क्यों बुलाए गए थे अधिकारी?
पीएसी अध्यक्ष ने बताया कि छह राज्यों के शीर्ष अधिकारियों को अनुसूचित जाति (एससी) के छात्रों के लिए प्री-मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति के संबंध में मौखिक साक्ष्य देने के लिए बुलाया गया था। उन्होंने कहा कि ये छात्रवृत्तियां समाज के सबसे वंचित वर्गों के छात्रों को सहायता प्रदान करती हैं। वेणुगोपाल ने कहा, 'मुख्य सचिवों की गैरमौजूदगी के कारण समिति को कमियों की जांच करने और उनमें सुधार के लिए जरूरी कदम सुनिश्चित करने का अवसर नहीं मिल पाया।' दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन सत्र केरलम विधानसभा में आयोजित किया गया था। इसमें मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन सहित अन्य लोग भी शामिल हुए।