संवाद न्यूज एजेंसी
सेमरियावां। विकास खंड सेमरियावां के कंपोजिट उच्च प्राथमिक विद्यालय पचदेउरा का जर्जर भवन और बाउंड्रीवाल विद्यार्थियों व शिक्षकों के लिए खतरे का कारण बना हुआ है। भवन और बाउंड्रीवाल के कई हिस्से कमजोर होने के कारण कभी भी हादसा होने की आशंका जताई जा रही है।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक ने खंड शिक्षा अधिकारी को पत्र भेजकर तकनीकी निरीक्षण कराकर जर्जर हिस्सों का ध्वस्त कराने तथा नए भवन और बाउंड्रीवाल का निर्माण कराने का अनुरोध किया है। कंपोजिट उच्च प्राथमिक विद्यालय पचदेउरा में 103 बच्चे नामांकित हैं। बच्चों को सुरक्षा की दृष्टि से मुख्य भवन में शिक्षण बंद कर दिया गया है।
शिक्षकों द्वारा विद्यालय के अतिरिक्त कक्षा कक्षों में बच्चों को बैठाकर शिक्षण कार्य किया जा रहा है, जिससे कमरों की संख्या कम होने से शिक्षण कार्य में असुविधा हो रही है।
प्रधानाध्यापक विनय मिश्रा ने बताया कि विद्यालय मुख्य भवन एवं उसकी बाउंड्रीवाल वर्तमान में अत्यंत जर्जर और जीर्ण-शीर्ण अवस्था में है। बाउंड्रीवाल के कई हिस्से काफी कमजोर हो चुके हैं। विद्यालय में प्रतिदिन छात्र-छात्राओं के साथ शिक्षक और अन्य स्टाफ का आवागमन होता है। ऐसे में जर्जर भवन और बाउंड्रीवाल के गिरने से किसी अप्रिय घटना की आशंका बनी हुई है।
विद्यालय भवन एवं बाउंड्रीवाल का तकनीकी निरीक्षण कराया जाए। जांच में जो हिस्सा जर्जर और असुरक्षित पाया जाए, उसका आवश्यकतानुसार ध्वस्तीकरण कराया जाए। साथ ही विद्यार्थियों और शिक्षकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नवीन एवं सुरक्षित विद्यालय भवन तथा बाउंड्रीवाल का निर्माण कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए।
प्रधानाध्यापक विनय मिश्रा ने कहा कि समय रहते जर्जर भवन और बाउंड्रीवाल की समस्या का समाधान किया जाना जरूरी है, ताकि विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।क