पडरौना। जिले के 52 निजी अस्पतालों की जांच में आठ अस्पताल अवैध तरीके से संचालित मिले हैं। सीएमओ ने दो को सील करने के निर्देश दिए हैं। 34 निजी अस्पतालों नोटिस जारी कर एक सप्ताह के अंदर जवाब मांगा गया है। रविंद्र प्रसाद केयर एंड क्योर हॉस्पिटल विशुनपुरा, फातिमा हॉस्पिटल कसया को सील किया जाएगा।
इस संबंध में सीएमओ डॉ. चंद्रप्रकाश ने दोनों सीएचसी अधीक्षकों को निर्देश दिए हैं। सीएमओ ने बताया कि दोनों अस्पताल में कोई डाक्टर नहीं था, पंजीकरण के लिए आवेदन भी नहीं किए गए। इस लिए सील कराया जाएगा। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर अवैध अस्पताल संचालकों के खिलाफ कार्रवाई होगी। इससे अवैध अस्पताल संचालकों में खलबली मची है। सीएमओ ने कहा है कि अभियान अभी जारी रहेगा।
जिले में अवैध अस्पतालों के फैले नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है। अब तक जिले में स्वास्थ्य विभाग के नोडल अफसर की ओर से हुई कार्रवाई खानापूरी साबित हुई। सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की आठ टीम ने एक साथ निजी अस्पतालों में छापेमारी की।
टीम का माइक्रो प्लान सीएमओ की ओर से तैयार किया गया था। मैक्स नवजीवन हास्पिटल कसया, श्रीरविंदु प्रसाद केयर एंड क्योर हास्पिटल विशुनपुरा, लोक सेवक हॉस्पिटल सूरज नगर विशुनपुरा,फातिमा हॉस्पिटल कसया, हमराही मल्टी स्पो हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर कसया,जीवन दीप हॉस्पिटल कसया, ओम साई हॉस्पिटल खिरकिया, राहत हॉस्पिटल खिरकिया अवैध तरीके से संचालित होता हुआ मिला।
संचालकों ने कोई पंजीकरण का पेपर नहीं दिखा सका और न ही सीएमओ कार्यालय में इन अस्पतालों के नाम से कोई पंजीकरण है। इसके अलावा 34 निजी अस्पतालों को नोटिस जारी किया गया है, इन अस्पतालों का जिन डाक्टरों के नाम से रजिस्ट्रेशन था, वे डाक्टर नहीं मिले। इसके अलावा इसमें कई ऐसे अस्पताल शामिल हैं, जो मानक को बिना पूरा किए संचालित किया जा रहे हैं।