फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हॉकी इंडिया में बढ़ा विवाद: अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने अधिकारियों के खिलाफ दर्ज कराई शिकायत, जानें पूरा मामला

Fri, 25 Sep 2026 03:38 PM IST
शोभित चतुर्वेदी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

हॉकी इंडिया में पिछले कुछ समय से चला आ रहा विवाद अब बढ़ गया है। महासंघ के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कुछ अधिकारियों के लिए दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला...
विज्ञापन
दिलीप टिर्की - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हॉकी इंडिया के भीतर चल रही अंदरूनी खींचतान ने तब नाटकीय मोड़ ले लिया है जब महासंघ के अध्यक्ष और पूर्व भारतीय कप्तान दिलीप टिर्की ने कुछ हॉकी इंडिया अधिकारियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। टिर्की ने इन अधिकारियों पर आपराधिक विश्वासघात, चोरी, जान जोखिम में डालने और गलत तरीके से परित्याग का आरोप लगाया। टिर्की द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत में उनकी संपत्तियों और दस्तावेजों की तत्काल बरामदगी की भी मांग की गई है। दक्षिण दिल्ली के डीसीपी (पुलिस उपायुक्त) कार्यालय ने शिकायत प्राप्त होने की पुष्टि की, लेकिन यह भी बताया कि अभी तक कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है।
विज्ञापन

क्यों कराई शिकायत
टिर्की की शिकायत में हॉकी इंडिया के पूर्व कार्यकारी निदेशक कमांडर आर के श्रीवास्तव, हॉकी इंडिया के वित्त प्रबंधक सुबोध कुमार, हॉकी इंडिया के निदेशक भूषण कुमार और वाहन के चालक हरमिंदर सिंह के नाम शामिल हैं। श्रीवास्तव को हालिया एफआईएच विश्व कप के दौरान केसरिया जर्सी विवाद के बाद टिर्की ने पद से हटा दिया था। सूत्रों के अनुसार, टिर्की 22 सितंबर को राष्ट्रीय राजधानी के आधिकारिक दौरे पर थे और प्रोटोकॉल के अनुसार हॉकी इंडिया ने उनके प्रवास के दौरान उन्हें एक आधिकारिक वाहन उपलब्ध कराया था। सूत्र ने कहा कि महासंघ ने अचानक वाहन वापस बुला लिया और टिर्की का निजी सामान वापस नहीं किया जिसमें उनकी जरूरी दवाइयों वाला एक बैग भी शामिल था जो वाहन के अंदर रखा था।

पूर्व भारतीय डिफेंडर ने हॉकी इंडिया अधिकारियों को बार-बार फोन कर वाहन को उनका सामान लेकर वापस भेजने को कहा। आरोप है कि हॉकी इंडिया अधिकारियों ने उनके फोन का जवाब नहीं दिया। टिर्की वर्तमान में प्रशासनिक फैसलों और बैठक के प्रोटोकॉल को लेकर हॉकी इंडिया के महासचिव भोला नाथ सिंह के साथ वर्चस्व की लड़ाई में उलझे हुए हैं।
विज्ञापन

विश्व कप से पहले शुरू हुआ विवाद
यह विवाद नीदरलैंड और बेल्जियम में होने वाले विश्व कप से ठीक पहले भारतीय टीम की जर्सी के रंग में किए गए विवादास्पद बदलाव के बाद और बढ़ गया। इसके बारे में अध्यक्ष टिर्की का दावा है कि यह फैसला उनकी सहमति के बिना किया गया था। इन आंतरिक मतभेदों को दूर करने, हॉकी इंडिया लीग (एचआईएल) के पुनर्गठन पर चर्चा करने और चुनाव की तारीखों को अंतिम रूप देने के लिए 18 सितंबर को एक आपातकालीन कार्यकारी बोर्ड बैठक निर्धारित की गई थी, लेकिन टिर्की ने कहा कि उनकी मंजूरी नहीं ली गई थी और इसलिए यह अवैध थी। इसके बावजूद बैठक हुई और एचआईएल की योजनाओं पर चर्चा की गई जिसमें फ्रेंचाइजी इक्विटी के साथ एक अलग संयुक्त उद्यम कंपनी का गठन और इसके प्रशासन की निगरानी के लिए एक नयी संचालन परिषद का गठन शामिल था।

बैठक में टिर्की द्वारा श्रीवास्तव को जारी कारण बताओ नोटिस और आगामी एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी मोहाली और जालंधर में किए जाने पर भी विचार-विमर्श हुआ। भोला नाथ ने कहा कि उन्हें टिर्की द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत की जानकारी नहीं है क्योंकि वह एशियाई खेलों के लिए नागोया में हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें