छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में रिटायर्ड शिक्षक के भरोसे का 6 साल तक फायदा उठाकर एक शख्स ने 47 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। आरोपी ने रकम अपने अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करके ऑनलाइन खर्च कर दिया। पीड़ित की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया है। मामला कोतरा रोड़ थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार, पीड़ित रघुनाथ सिदार ने पुलिस को बताया था कि वह वर्ष 2024 में शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त हुआ है। वर्ष 2020 से गांव का छत्रपाल सिदार जाति समाज का होने के कारण उसके संपर्क में था और बैंक संबंधी कार्यों में सहयोग करता था। वह चेकबुक के माध्यम से राशि आहरण कराने के लिए उसके साथ बैंक जाता था। धीरे-धीरे छत्रपाल पीड़ित का विश्वासपात्र बन गया तथा उसका घर आना-जाना भी था। आरोपी पीड़ित के मोबाइल का भी उपयोग करता था, जिसके कारण उस पर किसी प्रकार का संदेह नहीं हुआ। सेवानिवृत्ति के बाद पीड़ित के एसबीआई कोतरारोड़ स्थित बचत बैंक खाते में जीपीएफ, ग्रेच्युटी, अवकाश समर्पण सहित अन्य देय राशि जमा हुई थी।
बैंक पहुंचा तो उड़ गए होश
पीड़ित ने बताया कि मकान निर्माण के लिए भूमि खरीदने के उद्देश्य से जब वह बैंक पहुंचकर अपने खाते का स्टेटमेंट निकलवाया तो उसके होश उड़ गए। खाते की जांच करने पर पता चला कि जनवरी 2020 से जून 2026 तक कुल 47,05,000 की राशि उसके खाते से अलग-अलग बैंक खातों में ऑनलाइन ट्रांसफर की गई है। इसमें ग्रामीण बैंक, आईडीबीआई बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा सहित अन्य बैंक खातों में राशि ट्रांसफर की गई थी। पीड़ित को मामले की जानकारी होने पर उसने थाना कोतरारोड़ पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
आरोपी ने कबूला अपना जुर्म
पीड़ित की शिकायत के बाद कोतरा रोड़ पुलिस आरोपी के खिलाफ धारा 318(4) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी निरीक्षक शील आदित्य सिंह द्वारा तत्काल पुलिस टीम को आरोपी की पतासाजी एवं गिरफ्तारी के लिए लगाया गया। पुलिस ने आरोपी छत्रपाल सिदार को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें आरोपी ने पीड़ित के बैंक खाते से रकम अपने अलग-अलग बैंक खातों में ऑनलाइन ट्रांसफर करना स्वीकार किया।
ऑनलाइन गेमिंग में खर्च कर दिया रकम
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने पीड़ित के खाते से राशि अपने एचडीएफसी बैंक, एसबीआई, बैंक ऑफ इंडिया एवं अपेक्स बैंक के खातों में ट्रांसफर की थी। आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसके द्वारा ट्रांसफर की गई रकम को ऑनलाइन गेमिंग में खेलकर खर्च कर दिया गया। पुलिस ने आरोपी के बैंक खातों से संबंधित जानकारी, एटीएम एवं मोबाइल फोन जप्त कर मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है।