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एआई कैमरों से बचना मुश्किल: 2025 में कटे 5.16 करोड़ चालान, किस गलती पर कितनी ढीली हुई जेब? जानें सभी के आंकड़े

Sun, 13 Sep 2026 03:22 PM IST
जागृति शुक्ला ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

आज के समय में ट्रैफिक नियमों की निगरानी सिर्फ सड़क पर मौजूद पुलिसकर्मियों तक सीमित नहीं रह गई है। कई प्रमुख शहरों और एक्सप्रेसवे पर एआई कैमरे और सीसीटीवी सिस्टम तैनात हैं, जो वाहनों और ट्रैफिक नियमों पर चौबीसों घंटे नजर रखते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि सबसे ज्यादा चालान किस गलती पर कटते हैं और उस पर कितना जुर्माना लग सकता है? जानिए यहां पूरी जानकारी...
 
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बिना हेलमेट के कटे सबसे ज्यादा चालान - फोटो : एआई जनरेटेड
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विस्तार
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इंडियन ट्रैफिक इन्फॉर्समेंट मशीनरी के अनुसार, 2025 में करीब 5.16 करोड़ चालान जारी किए गए। इनमें अलग-अलग तरह के ट्रैफिक उल्लंघन शामिल थे। सबसे ज्यादा चालान हेलमेट नहीं पहनने को लेकर जारी किए गए।

  • हेलमेट या प्रोटेक्टिव हेडगियर नहीं पहनने पर करीब 1.46 करोड़ चालान काटे गए, जो कुल चालानों का 28.2 फीसदी है।
  • इसके बाद ओवरस्पीडिंग का नंबर आता है। तेज रफ्तार से वाहन चलाने पर करीब 67.9 लाख चालान जारी किए गए, जो कुल चालानों का 13.1 फीसदी है। इस कैटेगरी में प्रति चालान औसतन 1,778 रुपये का जुर्माना रहा।
  • गलत तरीके से पार्किंग या वाहन रोकने के मामले में करीब 56.4 लाख चालान काटे गए। इनका हिस्सा 10.9 फीसदी रहा और औसतन 536 रुपये प्रति चालान जुर्माना लगाया गया।
  • वहीं, ट्रैफिक सिग्नल तोड़ने पर करीब 53.5 लाख चालान जारी हुए, यानी कुल चालानों का 10.4 फीसदी। सीट बेल्ट नहीं लगाने पर करीब 31.5 लाख चालान काटे गए, जिसका हिस्सा 6.1 फीसदी रहा।

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ओवरस्पीडिंग पर कितना जुर्माना?
अब अगर बात ओवरस्पीडिंग की करें तो इसमें कार से तेज रफ्तार में गाड़ी चलाने की वजह से एक से दो हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। भारी वाहनों के मामले में यह राशि दो से चार हजार रुपये तक हो सकती है। हालांकि, वास्तविक जुर्माना वाहन के प्रकार, उल्लंघन और उस पर लागू नियमों के आधार पर अलग हो सकता है। इसलिए गाड़ी चलाते समय सड़क पर लगे स्पीड लिमिट बोर्ड पर ध्यान देना जरूरी है।

सीट बेल्ट नहीं लगाने पर भी कट सकता है चालान
हालांकि यह बात भी अधिकतर लोगो को पता होगी कि सीट बेल्ट न लगाने पर भी चालान कटता है, लेकिन कितना? इसके बारे में रिपोर्ट में एक हजार रुपये तक उल्लेख किया गया है। सीट बेल्ट सिर्फ चालान से बचने के लिए जरूरी नहीं है। दुर्घटना की स्थिति में यह चालक और यात्रियों की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाती है। इसलिए कार में बैठते ही सीट बेल्ट लगाना आदत बना लेना चाहिए।
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हेलमेट नहीं पहनने पर कितना जुर्माना?
दो-पहिया वाहल चलाते समय हेलमेट न पहने, एक बड़ी लापरवाही है। जिसपर एक हजार रुपये तक चालान हो सकता है। इसके अलावा ड्राइविंग लाइसेंस सस्पेंड किए जाने की कार्रवाई का भी उल्लेख किया गया है। बाइक या स्कूटर चलाने वाले व्यक्ति के साथ पीछे बैठने वाले यात्री को भी हेलमेट से जुड़े नियमों का पालन करना चाहिए।

रेड लाइट जंप करने पर भी भारी जुर्माना

  • अगर कोई चालक रेड लाइट को नजरअंदाज करके गाड़ी आगे बढ़ाता है, तो इस उल्लंघन पर एक से पांच हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। गलत दिशा में वाहन चलाने पर भी कार्रवाई हो सकती है।
  • रेड लाइट जंप करना सिर्फ नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा के लिहाज से भी गंभीर गलती है। इससे चौराहे पर दूसरी दिशा से आ रहे वाहनों के साथ टक्कर का खतरा बढ़ जाता है।


एआई कैमरे कैसे जारी करते हैं ई-चालान?

  • एआई कैमरे और सीसीटीवी सड़क पर लगातार निगरानी कर सकते हैं। जैसे मान लीजिए, अगर कोई वाहन निर्धारित स्पीड लिमिट से ज्यादा रफ्तार में कैमरे के सामने से गुजरता है, तो सिस्टम उसकी नंबर प्लेट रिकॉर्ड कर सकता है।
  • इसके बाद रिकॉर्ड किए गए उल्लंघन के आधार पर ई-चालान जारी किया जा सकता है। यानी कई मामलों में ट्रैफिक पुलिसकर्मी को मौके पर वाहन रोकने की जरूरत नहीं पड़ती। इसी तरह कैमरा आधारित सिस्टम का इस्तेमाल ट्रैफिक सिग्नल और दूसरे नियमों के उल्लंघन की निगरानी के लिए भी किया जा सकता है।


शहर और राज्य के हिसाब से बदल सकते हैं नियम
यहां पर ध्यान देने वाली बात है कि एआई कैमरों की मदद से ट्रैफिक नियमों को लागू करने की प्रक्रिया लगातार ज्यादा ऑटोमेटेड हो रही है। हालांकि, कैमरा सिस्टम की क्षमता, निगरानी का तरीका और लागू जुर्माने शहर या राज्य के हिसाब से अलग हो सकते हैं।
इसलिए वाहन चलाते समय स्पीड लिमिट, हेलमेट, सीट बेल्ट, ट्रैफिक सिग्नल और पार्किंग समेत सभी नियमों का पालन करना जरूरी है। इससे न सिर्फ ई-चालान से बचा जा सकता है, बल्कि सड़क पर दुर्घटना का जोखिम भी कम होता है।

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