फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   Health suffering due to daytime heat and nighttime chill: Rise in patients with viral fever, vomiting, and dia

दिन में गर्मी, रात में ठंडक से बिगड़ रही सेहत: वायरल-बुखार और उल्टी-दस्त के मरीज बढ़े, एलर्जी वाले भी परेशान

Sat, 10 Oct 2026 03:37 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल Published by: Sandeep Kumar Tiwari Updated Sat, 10 Oct 2026 03:37 PM IST
सार

मध्यप्रदेश से मानसून की जल्दी विदाई के बाद दिन और रात के तापमान में 13 से 16 डिग्री तक का अंतर बना हुआ है। भोपाल में वायरल, बुखार, सर्दी-खांसी और उल्टी-दस्त की शिकायतें सामने आ रही हैं, जबकि एलर्जी के मरीजों की परेशानी भी बढ़ी है।

विज्ञापन
Health suffering due to daytime heat and nighttime chill: Rise in patients with viral fever, vomiting, and dia
अस्पताल पहुंचे मरीज - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिन में तेज धूप और रात में ठंडक के बीच मौसम का बदलता मिजाज लोगों की सेहत पर असर डाल रहा है। मध्यप्रदेश से मानसून की जल्दी विदाई के बाद दिन और रात के तापमान में 13 से 16 डिग्री तक का अंतर बना हुआ है। राजधानी भोपाल के बड़े अस्पतालों की ओपीडी में वायरल, बुखार, सर्दी-खांसी और गले में खराश की शिकायत लेकर मरीज पहुंच रहे हैं। उल्टी-दस्त के मरीज भी परेशानी बढ़ा रहे हैं। मौसम के इस उतार-चढ़ाव से एलर्जी वाले मरीजों को भी अधिक दिक्कत हो रही है। चिकित्सकों ने सुबह और रात को बाहर निकलते समय सावधानी रखने, धूल-धुएं से बचने और शरीर में पानी की कमी नहीं होने देने की सलाह दी है। डॉ. सुदर्शना सुल्लेरे के मुताबिक, ठंड और गर्मी के बीच तेजी से बदलते तापमान के कारण एलर्जी से परेशान लोगों की दिक्कत बढ़ रही है। ऐसे मरीजों को गले में खराश, जुकाम और लगातार नाक बहने जैसी शिकायतें हो रही हैं। उन्होंने सलाह दी कि सुबह और रात को बाहर निकलते समय नाक को ढककर रखें और मास्क का इस्तेमाल करें। तापमान में अचानक बदलाव से बचें और धूल-धुएं के संपर्क में आने से परहेज करें।
विज्ञापन


ठंडक बढ़ने पर पानी पीना न करें कम
डॉ. सुल्लेरे ने कहा कि मौसम ठंडा होने के साथ कई लोग पानी कम पीने लगते हैं, जिससे परेशानी बढ़ सकती है। शरीर में पानी की पर्याप्त मात्रा बनाए रखना जरूरी है। इसके लिए नियमित रूप से पानी पिएं और जरूरत के अनुसार नारियल पानी जैसे पेय भी ले सकते हैं। उन्होंने ठंडे पेय और कोल्ड ड्रिंक का सेवन कम रखने की सलाह दी। एलर्जी या दूसरे लक्षण लगातार बने रहने पर चिकित्सकीय परामर्श लेना चाहिए।
विज्ञापन


दिन-रात के तापमान में 16 डिग्री तक अंतर
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार, मध्यप्रदेश के अधिकांश हिस्सों से 2 अक्टूबर को मानसून की वापसी हो चुकी है। इस बार मानसून की विदाई अपेक्षाकृत जल्दी हुई है। फिलहाल पश्चिमी मध्यप्रदेश के ज्यादातर जिलों में अधिकतम और न्यूनतम तापमान के बीच 13 से 16 डिग्री तक का अंतर बना हुआ है। रात का न्यूनतम तापमान करीब 18 से 20 डिग्री के बीच चल रहा है और अगले कुछ दिनों तक इसमें बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। तापमान में इस उतार-चढ़ाव के दौरान सर्दी, खांसी और जुकाम जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। हालांकि, केवल दिन-रात के तापमान में अंतर को वायरल संक्रमण या दूसरी बीमारियों का सीधा कारण नहीं माना जा सकता। संक्रमण के अलावा दूषित भोजन और पानी भी उल्टी-दस्त की वजह हो सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


नवंबर के पहले सप्ताह से दिन में भी घटेगी गर्मी
अरुण शर्मा के मुताबिक, नवंबर के पहले सप्ताह के आसपास सुबह और देर शाम की ठंडक बढ़ने लगेगी। इसके साथ ही दिन के तापमान में भी धीरे-धीरे गिरावट आने की संभावना है। फिलहाल इस साल सर्दी कैसी रहेगी, इसे लेकर विस्तृत आकलन नहीं किया गया है। नवंबर में मौसम के आंकड़ों का अध्ययन करने के बाद ही सर्दी के रुख को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आएगी।


बदलते मौसम में इन बातों का रखें ध्यान
- सुबह और रात को बाहर निकलते समय जरूरत के अनुसार गर्म कपड़े पहनें।
- एलर्जी की समस्या होने पर नाक ढककर रखें और मास्क लगाएं।
- धूल और धुएं से बचें।
- नियमित रूप से पानी पिएं और शरीर में पानी की कमी न होने दें।
- साफ पानी का इस्तेमाल करें और खुले में रखे भोजन से बचें।
- बुखार, खांसी, जुकाम या उल्टी-दस्त की शिकायत होने पर चिकित्सक से परामर्श लें।
- बिना चिकित्सकीय सलाह के दवाओं का सेवन न करें।

यह भी पढ़ें-पूर्वी एमपी में आज भी बारिश के आसार: भोपाल-इंदौर में तेज धूप, पचमढ़ी में रात का पारा 16.4 डिग्री

बदलाव का यह दौर जारी रहने की संभावना
मौसम में बदलाव का यह दौर फिलहाल जारी रहने की संभावना है। सुबह-रात की ठंडक और दिन की गर्मी के बीच तापमान का अंतर लोगों को सावधानी बरतने का संकेत दे रहा है। नवंबर के पहले सप्ताह से दिन में भी तापमान घटने लगेगा। तब तक एलर्जी के मरीजों, बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed