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आईआरसीटीसी घोटाला मामला: लालू यादव के खिलाफ आरोप तय करने पर फैसला टला, 10 को सुनवाई
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दायर आईआरसीटीसी घोटाला मामले में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने को लेकर राउज एवेन्यू कोर्ट ने फैसला टाल दिया। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 10 सितंबर तक के लिए टाल दी है। विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने की अदालत में इस मामले की सुनवाई होनी थी, हालांकि अदालत के कर्मचारियों ने बताया कि जज साहब का तबादला राउज एवेन्यू कोर्ट से द्वारका जिला अदालत में अपर प्रधान न्यायाधीश पारिवारिक अदालत (एपीजेएफसी) के रूप में हो गया है। इसी कारण मामले की सुनवाई नहीं हो पाई और इसे स्थगित कर दिया गया।
गौरतलब है कि ईडी ने आईआरसीटीसी के ठहराव (होटल) प्रबंधन में कथित अनियमितताओं को लेकर लालू यादव, उनकी पत्नी और पूर्व सांसद राबड़ी देवी, बेटी मीसा भारती और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोप है कि रेल मंत्री रहते हुए लालू प्रसाद यादव ने साल 2006 में रांची स्थित आईआरसीटीसी की होटल संपत्ति को निजी कंपनी को पट्टे पर देने में अनियमितता बरती, जिससे राज्य कोष को भारी नुकसान हुआ और आरोपियों को अवैध लाभ पहुंचा। अदालत ने पहले ही इस मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने से संबंधित दलीलें सुन ली थीं और आदेश के लिए सोमवार की तारीख तय की थी। अब 10 सितंबर को अदालत इस मामले में अपना निर्णय सुनाएगी कि क्या लालू यादव सहित आरोपियों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और अन्य धाराओं में मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त सबूत हैं।
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नई दिल्ली।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दायर आईआरसीटीसी घोटाला मामले में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने को लेकर राउज एवेन्यू कोर्ट ने फैसला टाल दिया। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 10 सितंबर तक के लिए टाल दी है। विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने की अदालत में इस मामले की सुनवाई होनी थी, हालांकि अदालत के कर्मचारियों ने बताया कि जज साहब का तबादला राउज एवेन्यू कोर्ट से द्वारका जिला अदालत में अपर प्रधान न्यायाधीश पारिवारिक अदालत (एपीजेएफसी) के रूप में हो गया है। इसी कारण मामले की सुनवाई नहीं हो पाई और इसे स्थगित कर दिया गया।
गौरतलब है कि ईडी ने आईआरसीटीसी के ठहराव (होटल) प्रबंधन में कथित अनियमितताओं को लेकर लालू यादव, उनकी पत्नी और पूर्व सांसद राबड़ी देवी, बेटी मीसा भारती और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोप है कि रेल मंत्री रहते हुए लालू प्रसाद यादव ने साल 2006 में रांची स्थित आईआरसीटीसी की होटल संपत्ति को निजी कंपनी को पट्टे पर देने में अनियमितता बरती, जिससे राज्य कोष को भारी नुकसान हुआ और आरोपियों को अवैध लाभ पहुंचा। अदालत ने पहले ही इस मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने से संबंधित दलीलें सुन ली थीं और आदेश के लिए सोमवार की तारीख तय की थी। अब 10 सितंबर को अदालत इस मामले में अपना निर्णय सुनाएगी कि क्या लालू यादव सहित आरोपियों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और अन्य धाराओं में मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त सबूत हैं।
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