भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की ओर से सीमा पार आतंकवाद की किसी भी नई घटना पर पहले से ज्यादा आक्रामक जवाब देने की चेतावनी से पाकिस्तान तिलमिला गया है। इसी बेचैनी में उसके एक शीर्ष सैन्य कमांडर ने गीदड़भभकी दी है। कहा है कि किसी भी 'मिसकैलकुलेशन' (गलत अनुमान) का जवाब ऐसा होगा, जिसकी कल्पना सीमा पार नहीं की गई होगी। पाकिस्तान के इस बयान को राजनाथ सिंह की सख्त चेतावनी के बाद दोनों देशों के बीच बढ़ते बयानबाजी के तनाव के संदर्भ में देखा जा रहा है।
पाकिस्तानी कमांडर की गीदड़भभकी
प्रमुख पाकिस्तानी मीडिया आउटलेट डॉन की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान की नेशनल स्ट्रैटेजिक कमांड के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल आमेर रजा ने शनिवार को पाकिस्तान सैन्य अकादमी में पासिंग आउट परेड के दौरान यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा, 'परमाणु हथियारों से लैस क्षेत्र में युद्ध की कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की सशस्त्र सेनाएं देश की सीमाओं की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
पाकिस्तानी कमांडर ने गीदड़भभकी देते हुए कहा, 'किसी भी गलत आकलन का जवाब उनकी कल्पना से परे होगा।' सैन्य अधिकारी ने पाकिस्तान के खिलाफ कथित शत्रुतापूर्ण इरादों और दुष्प्रचार का भी जिक्र किया। उनकी यह टिप्पणी रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के उस बयान के बाद आई है, जिसमें राजनाथ सिंह ने गुरुवार को कहा था कि सीमा पार से आतंकवाद की कोई भी नई घटना होने पर भारत का जवाब पिछली कार्रवाई से भी बड़ा होगा।
पाकिस्तान ने लगाए बेबुनियाद आरोप
पाकिस्तानी कमांडर ने भारत पर बेबुनियाद आरोप लगाते हुए कहा, 'विरोधी पक्ष पाकिस्तान के खिलाफ दुष्प्रचार और नैरेटिव वॉरफेयर के जरिए जनता तथा सशस्त्र बलों के बीच मतभेद पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान को अस्थिर करने की कोशिश की जा रही है।' पाकिस्तानी कमांडर ने अपने संबोधन में रक्षा तैयारियों और राष्ट्रीय एकता पर जोर दिया। इससे एक दिन पहले, पाकिस्तान के विदेश कार्यालय (एफओ) ने भी सिंह की टिप्पणियों को उकसावे वाली और आधिपत्यवादी मानसिकता वाला करार दिया था।
राजनाथ सिंह ने 15 अक्टूबर को कहा था कि ऑपरेशन सिंदूर, बालाकोट हवाई हमले और सर्जिकल स्ट्राइक, आतंकवाद के खिलाफ भारत की रणनीति में आए बदलाव को दिखाते हैं। उन्होंने साफ किया था कि भारत शांति चाहता है, लेकिन उसकी प्रतिबद्धता को कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए।