दिबियापुर। थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी किशोरी को ले जाने के आरोपी को साढ़े तीन साल बाद पुलिस ने पकड़ लिया। आरोपी कोई और नहीं बल्कि पीड़िता का जीजा ही निकला, जो उसे राजस्थान ले गया था और वहां पहचान छिपाकर जेसीबी-ट्रैक्टर चला रहा था। मानव तस्करी निरोधी इकाई की टीम ने आरोपी को झुंझुनूं राजस्थान से गिरफ्तार कर पॉक्सो एक्ट समेत विभिन्न गंभीर धाराओं में जेल भेज दिया है।
एक गांव निवासी ने पुलिस को बताया कि फरवरी 2023 में उनकी बेटी को चार लोग ले गए थे। पुलिस मामला दर्ज कर जांच में जुट गई, लेकिन किशोरी का कोई सुराग नहीं लगा। साढ़े तीन साल के लंबे अंतराल के दौरान विवेचना कई थानों और चौकियों में घूमती रही, मगर कोई सफलता नहीं मिली।
मामले की जांच मानव तस्करी निरोधी इकाई की टीम को सौंपी गई। विवेचक इंस्पेक्टर राजेश कुमार ने पुरानी फाइलों की नए सिरे से पड़ताल शुरू की। दो महीने की मशक्कत के बाद आरोपी की लोकेशन झुंझुनूं में मिली। जांच में सामने आया कि आरोपी शहजाद उर्फ आसिफ है, जिसकी शादी 2020 में हुई थी। वह पत्नी को छोड़कर ससुराल आया और किशोरी साली को ले गया।
पुलिस ने छाप मारकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और किशोरी को तलाशा, जिसका छह माह का बच्चा भी है। किशोरी का मेडिकल परीक्षण कराकर परिजन के सुपुर्द करने की कार्रवाई की जा रही है।