भारद्वाज ने आरोप लगाया कि आंदोलन से घबराई सरकार विपक्षी नेताओं और इससे जुड़े संगठनों के लोगों को झूठे मामलों में गिरफ्तार करने की योजना बना रही है। उन्होंने कहा कि पहली पंक्ति के नेताओं की गिरफ्तारी की स्थिति में दूसरी और तीसरी पंक्ति के नेता आंदोलन की कमान संभालें। सभी संगठनों को प्लान ए, बी और सी तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं।
भारद्वाज ने 9 अक्तूबर को जिला और विधानसभा स्तर के नेताओं की हिरासत की स्थिति में संचार और संदेश पहुंचाने की वैकल्पिक व्यवस्था तैयार रखने को कहा। भारद्वाज ने स्पष्ट किया कि प्रदर्शन पूरी तरह लोकतांत्रिक, सांविधानिक, कानूनी और शांतिपूर्ण होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि नेताओं की मौजूदगी पुलिस-प्रशासन से संवाद बनाए रखने और प्रदर्शन को शांतिपूर्ण रखने में अहम होगी। आप ने दावा किया कि देश के विभिन्न हिस्सों से लोग जंतर-मंतर पहुंचेंगे। पार्टी ने आंदोलन को लोकतंत्र और संविधान की रक्षा से जुड़ा बताया है।